Advertisements
Advertisements
प्रश्न
किसी आव्यूह का ऋण आव्यूह इसको ______ से गुणा करके प्राप्त किया जाता है।
Advertisements
उत्तर
किसी आव्यूह का ऋण आव्यूह इसको -1 से गुणा करके प्राप्त किया जाता है।
व्याख्या:
माना A एक दिया हुआ आव्यूह है।
∴ –A = –1 . A
अतः आव्यूह का ऋणात्मक -1 से गुणा करके प्राप्त किया जाता है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
यदि A और B समान कोटि के दो सममित आव्यूह हैं, तब (AB′-BA′) है एक
यदि दो आव्यूह A और B समान कोटि के हैं तब 2A + B = B + 2A.
यदि आव्यूह A = `[("a", 1, x),(2, sqrt(3), x^2 - y),(0, 5, (-2)/5)]`, तो A की कोटि लिखिए।
यदि आव्यूह A = `[("a", 1, x),(2, sqrt(3), x^2 - y),(0, 5, (-2)/5)]`, तो A के अवयवों की संख्या लिखिए।
यदि `[(4),(1),(3)]` A = `[(-4, 8,4),(-1, 2, 1),(-3, 6, 3)]` हो तो A ज्ञात कीजिए।
यदि P = `[(x, 0, 0),(0, y, 0),(0, 0, z)]` और Q = `[("a", 0, 0),(0, "b", 0),(0, 0, "c")]` तो सिद्ध कीजिए कि PQ = `[(x"a", 0, 0),(0, y"b", 0),(0, 0, z"c")]` = QP.
यदि A = `[(0, -1, 2),(4, 3, -4)]` और B = `[(4, 0),(1, 3),(2, 6)]`, हों तो सत्यापित कीजिए कि (A′)′ = A
यदि A = `[(0, -1, 2),(4, 3, -4)]` और B = `[(4, 0),(1, 3),(2, 6)]`, हों तो सत्यापित कीजिए कि (A′)′ = (AB)' = B'A'
यदि A = `[(1, 2),(-1, 3)]`, B = `[(4, 0),(1, 5)]`, C = `[(2, 0),(1, -2)]` तथा a = 4, b = –2 हों तो दिखाइए कि (A – B) C = AC – BC
यदि A = `[(costheta, sintheta),(-sintheta, costheta)]` तो दिखाइए कि A2 = `[(cos2theta, sin2theta),(-sin2theta, cos2theta)]`
यदि A = `[(0, -x),(x, 0)]`, B = `[(0, 1),(1, 0)]` और x2 = –1 हो तो दिखाइए कि (A + B)2 = A2 + B2.
प्रारंभिक पंक्ति संक्रियाओं से निम्नलिखित आव्यूह का व्युत्क्रम (यदि संभव हो तो) ज्ञात कीजिए:
`[(1, -3),(-2, 6)]`
यदि `[(0, "a", 3),(2, "b", -1),("c", 1, 0)]` एक विषम सममित आव्यूह हो तो a, b और c के मान ज्ञात कीजिए।
यदि P(x) = `[(cosx, sinx),(-sinx, cosx)]`, हो तो दिखाइए कि P(x) . (y) = P(x + y) = P(y) . P(x)
यदि संभव हो तो प्रांरभिक पंक्ति संक्रियाओं के प्रयोग से निम्मलिखित आव्यूह का व्युत्क्रम ज्ञात कीजिए।
`[(2, -1, 3),(-5, 3, 1),(-3, 2, 3)]`
यदि संभव हो तो प्रांरभिक पंक्ति संक्रियाओं के प्रयोग से निम्मलिखित आव्यूह का व्युत्क्रम ज्ञात कीजिए।
`[(2, 0, -1),(5, 1, 0),(0, 1, 3)]`
कोटि 3 × 3 के सभी संभव आव्यूहों की संख्या जिनकी प्रत्येक प्रविष्ठि 2 या 0 हो, होगी।
यदि A = `1/pi [(sin^-1(xpi), tan^-1(x/pi)),(sin^-1(x/pi), cot^-1(pix))]`, B = `1/pi [(-cos^-1(x/pi), tan^-1 (x/pi)),(sin^-1(x/pi),-tan^-1(pix))]` हो तो A – B बराबर है।
यदि आव्यूह A = [aij]2×2 इस प्रकार है कि aij `[:( 1 "यदि i" ≠ "j" ),( 0 "यदि i" ≠ "j" ):]` तब A2 बराबर है।
आव्यूह `[ (1, 0, 0 ), ( 0, 2, 0), (0, 0, 4 )]` एक
आव्यूह `[(0, -5, 8),(5, 0, 12),(-8, -12, 0)]`
यदि A एक m × n कोटि का आव्यूह है और B इस प्रकार का आव्यूह है कि AB′ और B′A दोनों ही परिभाषित हों तो आव्यूह B की कोटि होगी।
प्रारंभिक स्तंभ संक्रिया C2 → C2 – 2C1, का प्रयोग आव्यूह समीकरण
`[(1, -3),(2, 4)] = [(1, -1),(0, 1)] [(3, 1),(2, 4)]`, में करने पर हमें प्राप्त होता है।
आव्यूहों का गुणनफल, योग का ______ करता है।
यदि A एक सममित आव्यूह है तो A3 एक ______ आव्यूह होगा।
यदि A और B समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं तो (kA)′ = ______ (k कोई अदिश है।)
यदि A और B सममित आव्यूह हैं तो AB – BA ______ है।
आव्यूहों का गुणन क्रम विनिमेय होता है।
यदि A, B और C समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं तब AB = AC से सदैव B = C प्राप्त होता है।
यदि A = `[(2, 3, -1),(1, 4, 2)]` और B = `[(2, 3),(4, 5),(2, 1)]`, तब AB और BA, दोनों परिभाषित हैं तथा समान हैं।
