Advertisements
Advertisements
प्रश्न
आव्यूहों का गुणनफल, योग का ______ करता है।
Advertisements
उत्तर
आव्यूहों का गुणनफल, योग का विभाजित करनेवाला करता है।
व्याख्या:
मान लीजिए A, B और C कोई भी आव्यूह है।
तो, (i) A(B + C) = AB + AC
(ii) (A + B)C = AC + BC
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
सिद्ध कीजिए यदि एक आव्यूह सममित तथा विषम सममित दोनों ही हो तो वह एक शून्य आव्यूह है।
यदि `[(2x, 3)] [(1, 2),(-3, 0)] [(x),(8)]` = 0, हो तो x का मान निकालिए।
यदि A एक 3 × 3 कोटि का व्युत्क्रमणीय आव्यूह है तो दिखाइए कि किसी भी अदिश k (शून्येतर) के लिए kA व्युत्क्रमणीय है तथा `("kA")^-1 = 1/"k" "A"^-1`
आव्यूह A को एक सममित आव्यूह तथा एक विषम सममित आव्यूह के योगफल के रूप में व्यक्त कीजिए जहाँ A = `[(2, 4, -6),(7, 3, 5),(1, -2, 4)]` है।
यदि A और B एक समान कोटि की दो विषम सममित आव्यूह हों तो AB एक सममित आव्यूह होगा यदि ______
एक a2×2 आव्यूह की रचना कीजिए जिसके अवयव aij = `("i" - 2"j")^2/2` इस प्रकार से प्राप्त होते हैं।
यदि A = B हों तो a और b के मान ज्ञात कीजिए, जहाँ A = `[("a" + 4, 3"b"),(8, -6)]` और B = `[(2"a" + 2, "b"^2 + 2),(8, "b"^2 - 5"b")]` हैं।
यदि a = `[(1, 2), ( -2, 1)]`, b = `[(2, 3), (3, -4)]` और c = `[(1, 0), ( -1, 0)] `, हों तो सत्यापित कीजिए: (AB) C = A (BC)
यदि A = `[(1, 0, -1),(2, 1, 3 ),(0, 1, 1)]` है तो सत्यापित कीजिए कि A2 + A = A(A + I), जहाँ I एक 3 × 3 तत्समक आव्यूह है।
यदि A = `[(0, -1, 2),(4, 3, -4)]` और B = `[(4, 0),(1, 3),(2, 6)]`, हों तो सत्यापित कीजिए कि (A′)′ = A
यदि A = `[(1, 2),(-1, 3)]`, B = `[(4, 0),(1, 5)]`, C = `[(2, 0),(1, -2)]` तथा a = 4, b = –2 हों तो दिखाइए कि a(C – A) = aC – aA
गणितीय आगम के प्रयोग से सिद्ध कीजिए कि किसी भी वर्ग आव्यूह के लिए (A′)n = (An)′, जहाँ n ∈ N
यदि A = `[(1, 5),(7, 12)]` और B `[(9, 1),(7, 8)]` हों तो एक ऐसा आव्यूह C ज्ञात कीजिए कि 3A + 5B + 2C एक शून्य आव्यूह हो।
यदि A तथा B समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं और B एक विषम सममित आव्यूह है तो दिखाइए कि A′BA एक विषम सममित आव्यूह है।
यदि किन्ही दो वर्ग आव्यूहों के लिए AB = BA हो तो गणितीय आगम से सिद्ध कीजिए कि (AB)n = AnBn
आव्यूह P = `[(0, 0, 4),(0, 4, 0),(4, 0, 0)]` है।
यदि A = `[(0, 1), (1, 0)]`, तो A2 बराबर है।
किन्हीं दो A और B आव्यूहों के लिए कौन सा सदैव सत्य है?
किसी आव्यूह का ऋण आव्यूह इसको ______ से गुणा करके प्राप्त किया जाता है।
यदि A और B समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं तो (kA)′ = ______ (k कोई अदिश है।)
यदि A विषम सममित आव्यूह है तो kA (k कोई अदिश है) एक ______ है।
किसी भी कोटि के आव्यूहों को जोड़ा जा सकता है।
एक वर्ग आव्यूह जिसका प्रत्येक अवयव 1 हो तो उसे तत्समक आव्यूह कहते हैं।
यदि A और B दो समान कोटि के आव्यूह हैं तब A + B = B + A होता है।
यदि A और B समान कोटि के दो वर्ग आव्यूह हैं तब AB = BA है।
यदि A और B समान कोटि के कोई दो आव्यूह हैं तब (AB)′ = A′B′
यदि A विषम सममित आव्यूह है तो A2 सममित आव्यूह होगा।
(AB)–1 = A–1. B–1 जहाँ A और B व्यूत्क्रमणीय आव्यूह हैं जो गुणन के क्रम - विनिमेय नियम को संतुष्ट करते हैं।
