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Question
यदि A और B दो समान कोटि के आव्यूह हैं तब A + B = B + A होता है।
Options
सत्य
असत्य
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Solution
यह कथन सत्य है।
व्याख्या:
यदि A और B वर्गाकार आव्यूह हैं तो उनका योग क्रमविनिमेय है
जैसे, A + B = B + A.
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यदि A और B समान कोटि के दो आव्यूह हैं, तो (A + B) (A – B) बराबर है।
यदि A और B समान कोटि के दो सममित आव्यूह हैं, तब (AB′-BA′) है एक
यदि दो आव्यूह A और B समान कोटि के हैं तब 2A + B = B + 2A.
यदि आव्यूह A = `[("a", 1, x),(2, sqrt(3), x^2 - y),(0, 5, (-2)/5)]`, तो A के अवयवों की संख्या लिखिए।
एक 3 × 2 आव्यूह की रचना कीजिए जिसके अवयव aij = ei.x sinjx द्वारा दिए गए हैं।
यदि X = `[(3, 1, -1),(5, -2, -3)]` और Y = `[(2, 1, -1),(7, 2, 4)]` हों तो X + Y ज्ञात कीजिए।
आव्यूह A, B और C के ऐसे उदाहरण दीजिए जो इस प्रकार हों कि AB = BC, जहाँ A एक शून्येतर आव्यूह है, परंतु B ≠ C है।
माना A और B, 3 × 3 के वर्ग आव्यूह हैं। क्या (AB)2 = A2B2 सत्य है? कारण बताइए।
प्रारंभिक पंक्ति संक्रियाओं से निम्नलिखित आव्यूह का व्युत्क्रम (यदि संभव हो तो) ज्ञात कीजिए:
`[(1, -3),(-2, 6)]`
यदि A = `[(1, 2),(4, 1)]` हो तो A2 + 2A + 7I ज्ञात कीजिए।
आव्यूह `[(2, 3, 1),(1, -1, 2),(4, 1, 2)]` को एक सममित तथा एक विषम सममित आव्यूह के योग के रूप में लिखिए।
यदि A = `[(0, 1), (1, 0)]`, तो A2 बराबर है।
यदि आव्यूह A = [aij]2×2 इस प्रकार है कि aij `[:( 1 "यदि i" ≠ "j" ),( 0 "यदि i" ≠ "j" ):]` तब A2 बराबर है।
आव्यूह `[ (1, 0, 0 ), ( 0, 2, 0), (0, 0, 4 )]` एक
यदि A इस प्रकार कौ आव्यूह है कि A2 = I, तब (A – I)3 + (A + I)3 –7A बराबर होगा।
प्रारंभिक स्तंभ संक्रिया C2 → C2 – 2C1, का प्रयोग आव्यूह समीकरण
`[(1, -3),(2, 4)] = [(1, -1),(0, 1)] [(3, 1),(2, 4)]`, में करने पर हमें प्राप्त होता है।
प्रारंभिक पंक्ति संक्रिया R1 → R1 – 3R2 का प्रयोग आव्यूह समीकरण `[(4, 2),(3, 3)] = [(1, 2),(0, 3)] [(2, 0),(1, 1)]`, में करने पर हमें प्राप्त होता है।
किसी आव्यूह का ऋण आव्यूह इसको ______ से गुणा करके प्राप्त किया जाता है।
यदि A एक विषम सममित आव्यूह है तो A2 एक ______ है।
यदि A और B समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं तो (kA)′ = ______ (k कोई अदिश है।)
दो आव्यूह समान होते हैं यदि उनकी पंक्तियों तथा स्तंभों की संख्या समान हो।
आव्यूहों का योग, साहचर्य तथा क्रम विनिमेय दोनों ही नियमों का पालन करता है।
यदि A और B दो समान कोटि के आव्यूह हैं तो A - B = B - A होता है।
यदि A और B समान कोटि के दो वर्ग आव्यूह हैं तब AB = BA है।
किसी भी आव्यूह A के लिए AA′ सदैव सममित आव्यूह होता है।
यदि A = `[(2, 3, -1),(1, 4, 2)]` और B = `[(2, 3),(4, 5),(2, 1)]`, तब AB और BA, दोनों परिभाषित हैं तथा समान हैं।
(AB)–1 = A–1. B–1 जहाँ A और B व्यूत्क्रमणीय आव्यूह हैं जो गुणन के क्रम - विनिमेय नियम को संतुष्ट करते हैं।
