Advertisements
Advertisements
प्रश्न
एक वर्ग आव्यूह जिसका प्रत्येक अवयव 1 हो तो उसे तत्समक आव्यूह कहते हैं।
पर्याय
सत्य
असत्य
Advertisements
उत्तर
यह कथन असत्य है।
व्याख्या:
चूँकि, सर्वसमिका आव्यूह में मुख्य विकर्ण के सभी अवयव एकता हैं, शेष शून्य हैं।
जैसे, A = `[(1, 0, 0),(0, 1, 0),(0, 0, 1)]` = I3
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
सिद्ध कीजिए यदि एक आव्यूह सममित तथा विषम सममित दोनों ही हो तो वह एक शून्य आव्यूह है।
यदि A और B समान कोटि के दो आव्यूह हैं, तो (A + B) (A – B) बराबर है।
यदि A और B समान कोटि के आव्यूह हैं तब (3A -2B)′ = ______
एक व्युत्क्रमणीय आव्यूह A के लिए, (A′)-1 = (A-1)′
एक a2×2 आव्यूह की रचना कीजिए जिसके अवयव aij = `("i" - 2"j")^2/2` इस प्रकार से प्राप्त होते हैं।
यदि संभव हो, तो A और B आव्यूहों का योग ज्ञात कीजिए, जहाँ A = `[(sqrt(3), 1),(2, 3)]`, और B = `[(x, y, z),(a, "b", 6)]` है।
आव्यूह समीकरण `[(2, 1),(3, 2)] "A" [(-3, 2),(5, -3)] = [(1, 0),(0, 1)]` को संतुष्ट करने वाले आव्यूह A ज्ञात कीजिए।
यदि `[(4),(1),(3)]` A = `[(-4, 8,4),(-1, 2, 1),(-3, 6, 3)]` हो तो A ज्ञात कीजिए।
यदि x और y, 2 × 2 कोटि के आव्यूह हों, तो निम्नलिखित समीकरणों को X और Y के लिए हल कीजिए।
2X + 3Y = `[(2, 3),(4, 0)]`, 3Y + 2Y = `[(-2, 2),(1, -5)]`
यदि A = `[(0, -1, 2),(4, 3, -4)]` और B = `[(4, 0),(1, 3),(2, 6)]`, हों तो सत्यापित कीजिए कि (A′)′ = A
यदि A = `[(1, 2),(4, 1),(5, 6)]` तथा B = `[(1, 2),(6, 4),(7, 3)]` हों तो सत्यापित कीजिए कि (2A + B)′ = 2A′ + B′
यदि A = `[(1, 2),(4, 1),(5, 6)]` तथा B = `[(1, 2),(6, 4),(7, 3)]` हों तो सत्यापित कीजिए कि (A – B)′ = A′ – B′
सिद्ध कीजिए कि किसी भी आव्यूह A के लिए A′A तथा AA′ दोनों ही सममित आव्यूह हैं।
यदि A = `[(1, 2),(-1, 3)]`, B = `[(4, 0),(1, 5)]`, C = `[(2, 0),(1, -2)]` तथा a = 4, b = –2 हों तो दिखाइए कि (AT)T = A
प्रारंभिक पंक्ति संक्रियाओं से निम्नलिखित आव्यूह का व्युत्क्रम (यदि संभव हो तो) ज्ञात कीजिए:
`[(1, 3),(-5, 7)]`
आव्यूह A ज्ञात कीजिए जो इस प्रकार हो कि `[(2, -1),(1, 0),(-3, 4)] "A" = [(-1, -8, -10),(1, -2, -5),(9, 22, 15)]`
यदि A = `[(1, 2),(4, 1)]` हो तो A2 + 2A + 7I ज्ञात कीजिए।
यदि P(x) = `[(cosx, sinx),(-sinx, cosx)]`, हो तो दिखाइए कि P(x) . (y) = P(x + y) = P(y) . P(x)
यदि A एक वर्ग आव्यूह है जो A2 = A को संतुष्ट करता है तो दिखाइए कि (I + A)2 = 7A + I
कोटि 3 × 3 के सभी संभव आव्यूहों की संख्या जिनकी प्रत्येक प्रविष्ठि 2 या 0 हो, होगी।
यदि A = `[(0, 1), (1, 0)]`, तो A2 बराबर है।
प्रारंभिक स्तंभ संक्रिया C2 → C2 – 2C1, का प्रयोग आव्यूह समीकरण
`[(1, -3),(2, 4)] = [(1, -1),(0, 1)] [(3, 1),(2, 4)]`, में करने पर हमें प्राप्त होता है।
दो विषम सममित आव्यूहों का योग सदैव ______ आव्यूह होता है।
किसी भी कोटि के आव्यूहों को जोड़ा जा सकता है।
असमान कोटि वाले आव्यूहों को घटाया नहीं जा सकता है।
यदि A और B दो समान कोटि के आव्यूह हैं तो A - B = B - A होता है।
यदि आव्यूह AB = O, तब A = O या B = O या दोनों A और B शून्य आव्यूह हैं।
यदि A, B और C समान कोटि के वर्ग आव्यूह हैं तब AB = AC से सदैव B = C प्राप्त होता है।
(AB)–1 = A–1. B–1 जहाँ A और B व्यूत्क्रमणीय आव्यूह हैं जो गुणन के क्रम - विनिमेय नियम को संतुष्ट करते हैं।
