Advertisements
Advertisements
Question
वर्तमान समाज में मौजूद शाश्वत मूल्य किसकी देन हैं?
Options
व्यवहारवादी व्यक्तियों की
आदर्शवादी व्यक्तियों की
प्रैक्टिकल आइडियालिस्टों की
स्वतंत्रता सेनानियों की
Advertisements
Solution
आदर्शवादी व्यक्तियों की
व्याख्या:
आदर्शवादिता जीवन में बहुत महत्वपूर्ण है। व्यावहारिकता के साथ यदि हम आदर्शों का पालन करते हैं, तो हमारे व्यवहार की सार्थकता होती है। इससे स्पष्ट है कि समाज के पास जो शाश्वत मूल्य हैं, वे आदर्शवादी लोगों के ध्यानवानी हैं।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
शुद्ध सोना और गिन्नी का सोना अलग क्यों होता है?
पाठ के संदर्भ में शुद्ध आदर्श क्या है?
जापानी में चाय पीने की विधि को क्या कहते हैं?
जापान में जहाँ चाय पिलाई जाती है, उस स्थान की क्या विशेषता है?
निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए−
'गिरगिट' कहानी में आपने समाज में व्याप्त अवसरानुसार अपने व्यवहार को पल-पल में बदल डालने की एक बानगी देखी। इस पाठ के अंश 'गिन्नी का सोना' का संदर्भ में स्पष्ट कीजिए कि 'आदर्शवादिता' और 'व्यवहारिकता' इनमें से जीवन में किसका महत्व है?
निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए−
लेखक के मित्र ने मानसिक रोग के क्या-क्या कारण बताए? आप इन कारणों से कहाँ तक सहमत हैं?
निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए−
लेखक के अनुसार सत्य केवल वर्तमान है, उसी में जीना चाहिए। लेखक ने ऐसा क्यों कहा होगा? स्पष्ट कीजिए।
निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए −
हमारे जीवन की रफ़्तार बढ़ गई है। यहाँ कोई चलता नहीं बल्कि दौड़ता है। कोई बोलता नहीं, बकता है। हम जब अकेले पड़ते हैं तब अपने आपसे लगातार बड़बड़ाते रहते हैं।
गांधी जी के आदर्शों पर आधारित पुस्तकें पढ़िए; जैसे- महात्मा गांधी द्वारा रचित ‘सत्य के प्रयोग’ और गिरिराज किशोर द्वारा रचित उपन्यास ‘गिरमिटिया’।
भारत के नक्शे पर वे स्थान अंकित कीजिए जहाँ चाय की पैदावार होती है। इन स्थानों से संबंधित भौगोलिक स्थितियों और अलग-अलग जगह की चाय की क्या विशेषताएँ हैं, इनका पता लगाइए और परियोजना पुस्तिका में लिखिए।
प्रैक्टिकल आइडियालिस्ट’ किन्हें कहा गया है?
व्यवहारवादी लोगों की क्या विशेषताएँ हैं?
लेखक के मित्र के अनुसार जापानी किस रोग से पीड़ित हैं और क्यों?
‘टी-सेरेमनी’ की चाय का लेखक पर क्या असर हुआ?
भारत में भी लोगों की जिंदगी की गतिशीलता में खूब वृद्धि हुई है। इसके कारण और परिणाम का उल्लेख ‘झेन की देन’ पाठ के आधार पर कीजिए।
‘झेन की देन’ पाठ से आपको क्या संदेश मिलता है?
निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60-70 शब्दों में लिखिए:
"हमारे सामने जो वर्तमान क्षण है वही सत्य है। उसी में जीना चाहिए।" ‘झेन की देन’ पाठ से उद्धृत लेखक का यह कथन वर्तमान परिस्थितियों में कहाँ तक सत्य है? क्या आप इससे सहमत हैं? तर्क सहित उत्तर दीजिए।
