इस कविता में गिरमिटिया मजदूरों की पीड़ा, बिछड़ने का दुःख और पुनर्मिलन की खुशी को भावनात्मक रूप से प्रस्तुत किया गया है। कवि उनकी वापसी पर गहरे प्रेम और आत्मीयता से उनका स्वागत करता है। वह उन्हें एक ही माँ की संतान मानते हुए, अतीत की पीड़ा को भूलकर एकता और भाईचारे का संदेश देता है। कविता में करुणा, अपनत्व और मिलन की भावना प्रमुख है।
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Question
गिरमिटियों की भावना तथा कवि की संवेदना को समझते हुए कविता का रसास्वादन कीजिए।
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Solution
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निम्न पंक्तियों में से प्रतीकात्मक पंक्ति छाँटकर उसके स्पष्ट कीजिए –
(1) चलते-चलते जो कभी गिर जाओ।
(2) रात की कोख ही से सुबह जन्म लेती है।
(3) अपनी आँखों में जब भी देखा है।
‘पालनाघर की आवश्यकता’ पर अपने विचार लिखिए।
नौकरीपेशा अभिभावकों के बच्चों के पालन की समस्या पर प्रकाश डालिए।
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
विषम श्रृंखलाएँ
लिखिए:

जानकारी दीजिए :
गिरिजाकुमार माथुर जी केकाव्यसंग्रह -
अंतर स्पष्ट कीजिए -
| माया रस | राम रस |
| ................. | ................. |
ईश्वर भक्ति तथा प्रेम के आधार पर साखी के प्रथम छह पदों का रसास्वादन कीजिए।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
बाबु साहब ईश्वर के लिए मुझ पे दया कीजिए ।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
वह निर्भीक व्यक्ती देश में सुधार करता घूमता था।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
हमारा तो सबसे प्रीती है।
यशोदा अपने पुत्र को शांत करते हुए कहती है −
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.........................................................
‘माँ ममता का सागर होती है’, इस उक्ति में निहित विचार अपने शब्दों में लिखिए।
बाल हठ और वात्सल्य के आधार पर सूर के पदों का रसास्वादन कीजिए।
जानकारी दीजिए :
संत सूरदास के प्रमुख ग्रंथ - ____________ ____________
सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए :
घटनाक्रम के अनुसार लिखिए -
- मीठे पानी का सोता है।
- ममता के बादल कीं मँड़राती कोमलता-भीतर पिराती है।
- सभी वह तुम्हारे ही कारण के कार्यों का घेरा है, कार्यों का वैभव है।
- जितना भी उँड़ेलता हूँ, भर-भर फिर आता है।
निम्नलिखित असत्य कथनों को कविता के आधार पर सही करके लिखिए –
अब यह आत्मा बलवान और सक्षम हो गई है और छटपटाती छाती को वर्तमान में सताती है।
जाने क्या रिश्ता है, जाने क्या नाता है, जितना भी उँडेलताहूँ, भर-भर फिर आता है,' इन पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।
अपनी जिंदगी को सहर्ष स्वीकारना चाहिए' इस कथन परअपने विचार लिखिए।
जीवन में अत्यधिक मोह से अलग होने की आवश्यकता है,इस वाक्य में व्यक्त भाव प्रकट कीजिए।
निम्नलिखित अलंकारों से युक्त पंक्तियाँ लिखिए :
श्लेष-
‘विश्वबंधुत्व आज के समय की आवश्यकता’, इसपर अपने विचार लिखिए ।
मातृभूमि की महत्ता को अपने शब्दों में व्यक्त कीजिए।
जानकारी दीजिए :
प्रवासी साहित्य की विशेषता -
जानकारी दीजिए :
अन्य प्रवासी साहित्यकारों के नाम -
गजल में प्रयुक्त विरोधाभास वाली दो पंक्तियाँ ढूँढ़कर उनका अर्थ लिखिए।
आधुनिक युग में बढ़ती प्रदर्शन प्रवृत्ति ' विषय पर अपने
विचार लिखिए।
