Advertisements
Advertisements
प्रश्न
निम्नलिखित आकृति में, AD कोण BAC का समद्विभाजक है। सिद्ध कीजिए कि AB > BD है।

Advertisements
उत्तर
दिया गया है - ABC एक त्रिभुज इस प्रकार है कि AD, ∠BAC का समद्विभाजक है।
सिद्ध करने के लिए - AB > BD
उपपत्ति - चूँकि AD, ∠BAC का समद्विभाजक है।
परंतु ∠BAD = CAD ...(i)
∴ ∠ADB > ∠CAD ...[त्रिभुज का बहिष्कोण प्रत्येक सम्मुख अंतःकोण से बड़ा होता है।]
∴ ∠ADB > ∠BAD ...[समीकरण (i) से]
AB > BD ...[बड़े कोण की सम्मुख भुजा बड़ी होती है।]
अतः सिद्ध हुआ।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
रेखा l कोण A को समद्विभाजित करती है और B रेखा l पर स्थित कोई बिंदु है। BP और BQ कोण A की भुजाओं पर B से डाले गए लंब हैं। (देखिए आकृति) दर्शाइए कि:
- △APB ≌ △AQB
- BP = BQ है, अर्थात् बिंदु B कोण की भुजाओं से समदूरस्थ है।

AB एक रेखाखंड है और P इसका मध्य-बिंदु है। D और E रेखाखंड AB के एक ही ओर स्थित दो बिंदु इस प्रकार हैं कि ∠BAD = ∠ABE और ∠EPA = ∠DPB है। (देखिए आकृति)। दर्शाइए कि:
- △DAP ≌ △EBP
- AD = BE

ABC एक समद्विबाहु त्रिभुज है जिसमें AB = AC है। AP ⊥ BC खींच कर दर्शाइए कि ∠B = ∠C है।
“यदि किसी त्रिभुज की दो भुजाएँ और एक कोण दूसरे त्रिभुज की दो भुजाओं और एक कोण के बराबर हों, तो दोनों त्रिभुज अवश्य ही सर्वांगसम होने चाहिए।” क्या यह कथन सत्य है? क्यों?
ABCD एक चतुर्भुज है, जिसमें AB = BC और AD = CD है। दर्शाइए कि BD दोनों कोणों ABC और ADC को समद्विभाजित करता है।
ABC और DBC एक ही आधार BC पर स्थित दो त्रिभुज इस प्रकार हैं कि बिंदु A और D आधार BC के विपरीत ओर स्थित हैं, AB = AC और DB = DC है। दर्शाइए कि AD रेखाखंड BC का लंब समद्विभाजक है।
ABC एक समद्विबाहु त्रिभुज है, जिसमें AC = BC है। AD और BE क्रमश : BC और AC पर शीर्षलंब हैं। सिद्ध कीजिए कि AE = BD है।
एक समकोण त्रिभुज में, सिद्ध कीजिए कि कर्ण के मध्य-बिंदु को उसके सम्मुख शीर्ष से मिलाने वाला रेखाखंड कर्ण का आधा होता है।
एक समलंब ABCD की क्रमशः समांतर भुजाओं AB और DC के मध्य-बिंदुओं M और N को मिलाने वाला रेखाखंड दोनों भुजाओं AB और DC पर लंब है। सिद्ध कीजिए कि AD = BC है।
AB और CD क्रमश : एक चतुर्भुज ABCD की सबसे छोटी और सबसे बड़ी भुजाएं हैं। ∠B और ∠D में से निश्चित कीजिए कि कौन बड़ा हैं।
