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पाठ पढ़ते-पढ़ते आपको भी अपने माता-पिता का लाड़-प्यार याद आ रहा होगा। अपनी इन भावनाओं को डायरी में अंकित कीजिए।

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Question

पाठ पढ़ते-पढ़ते आपको भी अपने माता-पिता का लाड़-प्यार याद आ रहा होगा। अपनी इन भावनाओं को डायरी में अंकित कीजिए।

Writing Skills
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Solution

डायरी लेखन:

संक्षिप्त डायरी प्रविष्टि दिनांक: २९ मई, २०२६

प्रिय डायरी,

आज पाठ पढ़ते-पढ़ते मेरे माता-पिता का स्नेह युक्त व्यवहार याद आ गया। माँ की छोटी-छोटी परवाहें - सुबह तैयार कर दिया हुआ पराठा, मेरी पढ़ाई के लिए जगाना - और पिता की मुस्कान व स्नेहपूर्ण आवाज़ मुझे बार-बार भावविभोर कर देती है। पाठ में बताये गए पारिवारिक दृश्य मेरी यादों को और ताज़ा कर गए। मैं उन्हें आज ज़्यादा समय दूँगा और अपना धन्यवाद व्यक्त करूँगा।

तुम्हारा,
किशोर

shaalaa.com
माता का आँचल
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Chapter 1: माता का अँचल - प्रश्न-अभ्यास [Page 8]

APPEARS IN

NCERT Hindi Kritika Bhag 2 [English] Class 10
Chapter 1 माता का अँचल
प्रश्न-अभ्यास | Q 7. | Page 8

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आपने देखा होगा कि भोलानाथ और उसके साथी जब-तब खेलते-खाते समय किसी न किसी प्रकार की तुकबंदी करते हैं। आपको यदि अपने खेलों आदि से जुड़ी तुकबंदी याद हो, तो लिखिए।


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वर्तमान समय में संतान द्वारा माँ-बाप के प्रति उपेक्षा का भाव दर्शाया जाने लगा है जिससे वृद्धों की समस्याएँ बढ़ी हैं तथा समाज में वृद्धाश्रमों की जरूरत बढ़ गई है। माता का अँचल’ पाठ उन मूल्यों को उभारने में कितना सहायक है जिससे इस समस्या पर नियंत्रण करने में मदद मिलती हो।


'माता का अँचल' पाठ में भोलानाथ का अपने माता-पिता से बहुत लगाव है। बचपन में हर बच्चा एक पल के लिए भी माता-पिता का साथ नहीं छोड़ना चाहता है, किंतु माता-पिता के बूढ़े हो जाने पर इनमें से ही कुछ उन्हें साथ न रखकर वृद्धाश्रम में पहुँचा देते हैं। ऐसे लोगों को आप किन शब्दों में समझाएँगे? विचार करके लिखिए।


वात्सल्य और ममता की आधार-भूमि एक रहने पर भी माता-पिता और बच्चों के संबंधों में तब से अब तक बहुत बदलाव हुए हैं। ‘माता का अँचल’ पाठ के आधार पर इसे सोदाहरण स्पष्ट कीजिए।


'पूरक पाठ्य-पुस्तक' के पाठ पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर लगभग 50-60 शब्दों में लिखिए -

यह स्वाभाविक है कि बच्चा माता या पिता किसी एक से अधिक नज़दीकी का अनुभव करता हो - 'माता का आँचल' के भोलानाथ के संदर्भ से इस कथन पर प्रकाश डालें। इसके साथ ही अपने जीवन के अनुभव से इसके पक्ष या विपक्ष में टिप्पणी कीजिए।


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