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Question
पारो और संभव में से आप किसके प्रति अधिक सहानुभूति रखते हैं और क्यों? ‘दूसरा देवदास’ पाठ के आधार पर उस पात्र की मन:स्थिति का वर्णन कीजिए।
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Solution
‘दूसरा देवदास’ इस पाठ का पात्र संभव के प्रति अधिक सहानुभूति लगती है क्योंकि वो अपनी प्रेमिका पारो से मिलने के लिए बहुत व्याकुल रहता था। जिस तरह शरतचन्द्र के नाटक में ‘देवदास‘ में अपनी पारो से मिलने कि लिए व्याकुल रहता है।
संभव को अपने जीवन में पहली बार किसी लड़की से प्रेम का आभास हुआ था। पारो के एक मात्र दर्शन से संभव उसके प्रेम में डूब गया था।संभव ने उस गुलाबी साड़ी वाली लड़की के बारे में जानने के लिए उसे मंसा देवी मंदिर में खोजा। संभव के भीतर पारो की छवि छप चुकी थी।उसे पाने के लिए उसने मंसा देवी के मंदिर में मन्नत का धागा बाँधा। पारो भी मन ही मन संभव को पसंद करने लगी थी उसने भी मन्नत की चुनरी संभव से मिलने के लिए बाँधी और तभी संभव उससे मिल जाता हैं।जैसे ही संभव पारो से मिलता है उसे लगता है मानो उसका जीवन सार्थक हो गया।
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