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निम्नलिखित में से कौन-सा ग्राफ ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया को प्रदर्शित करता है-

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Question

निम्नलिखित में से कौन-सा ग्राफ ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया को प्रदर्शित करता है-

(क)

(ख) 

(ग) 

Options

  • केवल (क)

  • केवल (ख)

  • केवल (ग)

  • (क) और (ख)

MCQ
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Solution

केवल (क)

स्पष्टीकरण -

ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया एक रासायनिक अभिक्रिया है जिसमें एन्थैल्पी परिवर्तन ऋणात्मक होता है तथा ऊर्जा प्रकाश तथा ऊष्मा के रूप में मुक्त होती है।

जैसा कि हम सभी जानते हैं, ΔH ऋणात्मक है।

सक्रियण ऊर्जा (आगे की प्रतिक्रिया) - (पिछली प्रतिक्रिया)

(आगे की प्रतिक्रिया) - Ea (पिछली प्रतिक्रिया)

उत्पाद की ऊष्माक्षेपी ऊर्जा अभिकारक की सक्रियण ऊर्जा से अधिक होती है।

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अभिक्रिया वेग की ताप पर निर्भरता
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Chapter 4: रासायनिक बलगतिकी - अभ्यास [Page 52]

APPEARS IN

NCERT Exemplar Rasayan Vigyaan [Hindi] Class 12
Chapter 4 रासायनिक बलगतिकी
अभ्यास | Q I. 13. | Page 52

RELATED QUESTIONS

परमताप, 298 K में 10 K की वृद्धि होने पर रासायनिक अभिक्रिया का वेग दुगुना हो जाता है। इस अभिक्रिया के लिए Ea की गणना कीजिए।


किसी अभिक्रिया \[\ce{A -> {उत्पाद}}\] के लिए k = 2.0 × 10−2 s−1 है। यदि A की प्रारंभिक सांद्रता 1.0 mol L−1 हो तो 100 s पश्चात् इसकी सांद्रता क्या रह जाएगी?


उत्प्रेरक परिवर्तित करते हैं-


उत्प्रेरक की उपस्थिति में, अभिक्रिया के दौरान ऊष्मा का अवशोषण अथवा उत्सर्जन ______।


निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?


यौगिक 'A' और 'B' निम्नलिखित रासायनिक समीकरण के अनुसार अभिक्रिया करते हैं।

\[\ce{A(g) + 2B(g) -> 2C(g)}\]

किसी एक अभिक्रियक की सांद्रता स्थिर रखते हुए 'A' अथवा 'B' की सांद्रता में परिवर्तन किया गया और वेग को प्रारंभिक संद्रता के कारक के रूप में मापा गया। निम्नलिखित परिणाम प्राप्त हुए। इस अभिक्रिया के वेग समीकरण के लिए सही विकल्प चुनिए।

प्रयोग [A] की प्रारंभिक
सांद्रता/mol L-1
[B] की प्रारंभिक
सांद्रता/mol L-1
[C] के बनने की
प्रारंभिक दर/mol L-1 s-1
1. 0.30 0.30 0.10
2. 0.30 0.60 0.40
3. 0.60 0.30 0.20

निम्नलिखित में से कौन-सा कथन अरेनियस समीकरण के अनुसार है?

  1. ताप में वृद्धि के साथ अभिक्रिया का वेग बढता है।
  2. सक्रियण ऊर्जा में कमी के साथ अभिक्रिया का वेग बढ़ता है।
  3. ताप में वृद्धि के साथ वेग स्थिरांक में चरघतांकी कमी होती है।
  4. सक्रियण ऊर्जा में कमी से अभिक्रिया का वेग घटता है।

स्पष्ट कीजिए कि H2(g) तथा O2(g) के मध्य अभिक्रिया अति संभाव्य है परन्तु गैसों को एक ही पात्र में कमरे के ताप पर रखने से जल क्यों नहीं बनता।


किसी अभिक्रिया के लिए केवल ऊष्मागतिक संभाव्यता अभिक्रिया के वेग को निर्धारित नहीं कर सकती। इसे एक उदाहरण की सहायता से समझाइए।


ऑक्सैलिक अम्ल तथा KMnO4 के मध्य ऑक्सीकरण-अपचयन अनुमापन में हम अनुमापन प्रारम्भ करने से पूर्व ऑक्सैलिक अम्ल विलयन को गरम क्यों करते हैं?


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