English

निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :सुनि अठिलैहैं लोग सब, बाँटि न लैहैं कोय। - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

Question

निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
सुनि अठिलैहैं लोग सब, बाँटि न लैहैं कोय।

Graph
Short/Brief Note
Advertisements

Solution

कवि का कहना है कि अपना दुख किसी के सामने प्रकट नहीं करना चाहिए क्योंकि सब लोग सुनकर हँस लेते हैं मज़ाक कर लेते हैं परन्तु उसे बाँटता कोई भी नहीं है।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 B)
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 8: रहीम - दोहे - प्रश्न अभ्यास [Page 80]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
Chapter 8 रहीम - दोहे
प्रश्न अभ्यास | Q 2.2 | Page 80

RELATED QUESTIONS

निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए 
तू न थमेगा कभी
तू न मुड़ेगा कभी


कवि मनुष्य से क्या अपेक्षा करता है? ‘अग्नि पथ’ कविता के आधार पर लिखिए।


जीवन पथ पर चलते मनुष्य के कदम यदि रुक जाते है तो उसे क्या हानि हानि उठानी पड़ती है?


संदर्भ सहित व्याख्या कीजिए 
हुई न क्यों में कडी गीत की
विधना यों मन में गुनती है


निम्नलिखित उदाहरण में 'वाक्य-विचलन'को समझने का प्रयास कीजिए। इसी आधार पर प्रचलित वाक्य-विन्यास लिखिए :
उदाहरण: तट पर एक गुलाब सोचता
एक गुलाब तट पर सोचता है।

बैठा शुक उस घनी डाल पर


निम्नलिखित उदाहरण में 'वाक्य-विचलन'को समझने का प्रयास कीजिए। इसी आधार पर प्रचलित वाक्य-विन्यास लिखिए :
उदाहरण: तट पर एक गुलाब सोचता
एक गुलाब तट पर सोचता है।

शुकी बैठ अंडे है सेती


प्रकृति अपने विभिन्न क्रिया-कलापों से मनुष्य को प्रभावित करती है। ‘गीत-अगीत’ कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।


इस कविता का केन्द्रिय भाव अपने शब्दों में लिखिए।


मंदिर की भव्यता और सौंदर्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।


सुखिया के पिता के अनुसार, भक्तगण देवी की गरिमा को किस तरह चोट पहुँचा रहे थे?


‘आदमी नामा’ कविता में आदमी की किन-किन अनुकरणीय एवं मानवीय प्रवृत्तियों का उल्लेख किया गया है?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
एक को साधने से सब कैसे सध जाता है?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
जलहीन कमल की रक्षा सूर्य भी क्यों नहीं कर पाता?


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
जैसे चितवत चंद चकोरा


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
जाकी जोति बरै दिन राती


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए:

ऐसी लाल तुझ बिनु कउनु करै


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
नीचहु ऊच करै मेरा गोबिंदु काहू ते न डरै


रैदास को किसके नाम की रट लगी है? वह उस आदत को क्यों नहीं छोड़ पा रहे हैं?


रैदास द्वारा रचित दूसरे पद ‘ऐसी लाल तुझ बिनु कउनु करै’ को प्रतिपाद्य लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×