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Question
भवत् आदरार्थकं सर्वनाम।
भवत् - स्त्रीलिङ्गम् (भवती)
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| भवती | ______ | ______ | प्रथमा |
| भवतीम् | ______ | ______ | द्वितीया |
| भवत्या | ______ | ______ | तृतीया |
| भवत्यै | ______ | ______ | चतुर्थी |
| भवत्याः | ______ | ______ | पञ्चमी |
| भवत्याः | ______ | ______ | षष्ठी |
| भवत्याम् | ______ | ______ | सप्तमी |
| हे भवति | ______ | ______ | सम्बोधनम् |
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Solution
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| भवती | भवत्यौ | भवत्यः | प्रथमा |
| भवतीम् | भवत्यौ | भवतीः | द्वितीया |
| भवत्या | भवतीभ्याम् | भवतीभिः | तृतीया |
| भवत्यै | भवतीभ्याम् | भवतीभ्यः | चतुर्थी |
| भवत्याः | भवतीभ्याम् | भवतीभ्यः | पञ्चमी |
| भवत्याः | भवत्योः | भवतीनाम् | षष्ठी |
| भवत्याम् | भवत्योः | भवतीषु | सप्तमी |
| हे भवति | हे भवत्यौ | हे भवत्यः | सम्बोधनम् |
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समानार्थकशब्दान् लिखत।
धनम्
सन्धिविग्रहं कुरुत।
त्यजेत्सुखम् = ______
सन्धिविग्रहं कुरुत।
वर्धत एव = ______
समानार्थकशब्दं लिखत।
भारः - ______
एकवचने परिवर्तयत।
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एकवचने परिवर्तयत।
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अम्भः
सन्धिविग्रहं कुरुत।
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सन्धिविग्रहं कुरुत।
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सुभाषितात् समानार्थकशब्दं लिखत।
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तेन कः लाभः भवति? (बहुवचने लिखत।)
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कोषः - ______
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समानार्थकशब्दं चिनुत लिखत च।
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प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
स्वभावकृपणः अजाद्वयं क्रेष्यति।
धातो हेत्वर्थकम् अव्ययं प्रयुज्य वाक्यं पुनर्लिखत।
शृगालः द्राक्षाफलम् (खाद्) उत्पतति।
धातो हेत्वर्थकम् अव्ययं प्रयुज्य वाक्यं पुनर्लिखत।
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सवर्णदीर्घसन्धिः।
इ/ई + इ/ई = ई
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ए/ए + कोऽपि स्वरः = अय्/आय्
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उ/ऊ + विजातीयः स्वरः = व्।
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कुशलः वैमानिकः।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| कुशलः वैमानिकः | कुशलौ ______ | ______ वैमानिकाः | प्रथमा |
| ______ वैमानिकम् | ______ वैमानिकौ | कुशलान् ______ | द्वितीया |
| कुशलेन ______ | कुशलाभ्यां ______ | ______ वैमानिकैः | तृतीया |
| ______ वैमानिकाय | ______ वैमानिकाभ्यां | कुशलेभ्यः ______ | चतुर्थी |
| कुशलात् ______ | कुशलाभ्यां ______ | ______ वैमानिकेभ्यः | पञ्चमी |
| ______ वैमानिकस्य | ______ वैमानिकयोः | कुशलानां ______ | षष्ठी |
| कुशले ______ | ______ वैमानिकयोः | ______ वैमानिकेषु | सप्तमी |
| कुशल ______ | ______ वैमानिकौ | कुशलाः ______ | सम्बोधनम् |
योग्यरूपं योजयत।
नारदः ______ शरणं गच्छति। (विष्णु)
चतुर्थं पदं लिखत।
शम्भु - शम्भूना :: शिशु - ______।
चतुर्थं पदं लिखत।
धेनु - धेन्वा :: रज्जु - ______।
तालिकां पूरयत।
| नामरूपम् | प्रातिपदिकम् | अन्तः | लिङ्गम् | विभक्तिः | वचनम् |
| १. पश्वोः | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
| २. साधौ | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
| ३. जिज्ञासुभिः | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
| ४. तरूणाम् | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
| ५. दारूणि | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
पूर्वकालवाचक -धातुसाधित-अव्ययं उपयुज्य वाक्यं लिखत।
आदित्यः गुरुम् ______ (अनु + सृ) देशान्तरम् अव्रजत्।
पूर्वकालवाचक -धातुसाधित-अव्ययं उपयुज्य वाक्यं लिखत।
ब्रह्मदेवः वाल्मीकिम् ______ (उप + दिश्) अवदत्।
पूर्वकालवाचक -धातुसाधित-अव्ययं उपयुज्य वाक्यं लिखत।
भक्तः विष्णुं ______ (स्मृ) तपश्चरणं करोति।
पूर्वकालवाचक-धातुसाधित-अव्ययं उपयुज्य वाक्यं लिखत।
धनं ______ (लभ्) सोमदत्तः महानगरम् असरत्।
त्वान्तं/ल्यबन्तम् अव्ययं निष्कासयत।
सुवर्णा प्रातः उत्थाय ग्रामम् अगच्छत्।
तालिकां पूरयत।
| क्रियापदम् | मूलधातुः | गणः, पदम् | लकारः | पुरुषः | वचनम् |
| १. क्षमस्व | ______ | ______ | लोट् | ______ | ______ |
| २. लभताम् | ______ | १ आ.प. | ______ | ______ | ______ |
| ३. नृत्यन्तु | ______ | ______ | ______ | ______ | बहुवचनम् |
| ४. रचय | रच् | ______ | ______ | ______ | ______ |
| ५. उत्तरत | उत् + तृ-तर् | ______ | ______ | ______ | ______ |
| ६. लिखत | ______ | ६ प. प. | ______ | ______ | ______ |
| ७. गायाम | ______ | ______ | लोट् | ______ | ______ |
| ८. भवन्तु | ______ | ______ | ______ | प्रथम | ______ |
आज्ञार्थ-रूपाणि चिनुत लिखत च।
यूयं रष्टध्वजं सर्वदा वन्दध्वम्।
रूपाभ्यासं कुरुत।
भवेयुः
योग्यं रूपं लिखत।
आयुर्वेदः ______ (जगत्) विख्यातः।
समस्तपदं लिखत।
कल्पनाम् अतीतः - ______
अधोदत्तान् शब्दान् पठत। एते शब्दस्य समासे कां विभक्तिम् अपेक्षन्ते इति लिखत।
शौण्ड - ______
अधोदत्तान् शब्दान् पठत। एते शब्दस्य समासे कां विभक्तिम् अपेक्षन्ते इति लिखत।
विकल - ______
'क्त' प्रत्ययान्तरूपैः रिक्तस्थानानि पूरयत।
जनैः पूजा ______। (कृ)
'क्तवतु' प्रत्ययान्तरूपैः रिक्तस्थानानि पूरयत।
पुरुषः कार्यं ______। (कृ)
नाम-तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| नीलकण्ठाय | ______ | ______ | चतुर्थी |
| ______ | सरस्वत्योः | ______ | षष्ठी |
| ______ | ______ | नक्षत्राणि | द्वितीया |
नाम-तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| ______ | वस्तुभ्याम् | ______ | तृतीया |
| पितरि | ______ | ______ | सप्तमी |
| ______ | ______ | धेनुभ्यः | पञ्चमी |
नाम-तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| ______ | ______ | चन्दमस्सु | सप्तमी |
| विद्युते | ______ | ______ | चतुर्थी |
| ______ | पयसी | ______ | प्रथमा |
सर्वनामतालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| तस्मात् | ______ | ______ | पञ्चमी |
| ______ | ______ | अस्माभिः | तृतीया |
| ______ | कयोः | केषु | सप्तमी |
सवर्णदीर्घसन्धिः।
गण + ______ = गणेशः।
सन्धिकोषः।
बकवच्चिन्तयेदर्थान् = बकवत् + ______ + अर्थान्।
सन्धिकोषः।
सिंहवच्च = ______ + च।
सन्धिकोषः।
स्थैर्यमारोग्यं = ______ + आरोग्यम्।
सन्धिकोषः।
नासाग्रमालोकयेद् = ______ + आलोकयेत्।
सन्धिकोषः।
षड्भिर्योगो = षड्भिः + ______।
सन्धिकोषः।
इत्येव = ______ + एव।
सन्धिकोषः।
तत्रैव = ______ + एव।
सन्धिकोषः।
कथमिव = ______ + इव।
सन्धिकोषः।
ज्ञानिनामपि = ______ + अपि।
सन्धिकोषः।
यो भवेत् = यः + ______।
सन्धिकोषः।
नाहम् = न + ______।
सन्धिकोषः।
तन्न = ______ + न।
सन्धिकोषः।
घटस्तावत् = घटः + ______।
सन्धिकोषः।
ततस्तेन = ______ + तेन।
सन्धिकोषः।
विक्रयणात्प्रभूतम् = ______ + प्रभूतम्।
सन्धिकोषः।
आगतास्मि = ______ + अस्मि।
सन्धिकोषः।
तयोर्ज्ञाने = तयोः + ______।
सन्धिकोषः।
तद्यथा = ______ + यथा।
सन्धिकोषः।
शुचिर्बिम्बग्राहे = शुचिः + ______।
सन्धिकोषः।
मणिर्न = ______ + न।
'इदम्' सर्वनाम स्त्रीलिङ्गम्।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| इयम् | ______ | ______ | प्रथमा |
| इमाम्/एनाम् | ______ | ______ | द्वितीया |
| अनया/एनया | ______ | ______ | तृतीया |
| अस्यै | ______ | ______ | चतुर्थी |
| अस्याः | ______ | ______ | पञ्चमी |
| अस्याः | ______ | ______ | षष्ठी |
| अस्याम् | ______ | ______ | सप्तमी |
'इदम्' सर्वनाम नपुंसकलिङ्गम्।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| इदम् | ______ | ______ | प्रथमा |
| इदम्/एनत् | ______ | ______ | द्वितीया |
अव्ययस्य विशिष्टं अव्ययरूपस्य आवश्यकता भवति। अधोक्तम् अस्ति।
प्रति = ______
अव्ययस्य विशिष्टं अव्ययरूपस्य आवश्यकता भवति। अधोक्तम् अस्ति।
समीपे = ______
अव्ययस्य विशिष्टं अव्ययरूपस्य आवश्यकता भवति। अधोक्तम् अस्ति।
रुच् = ______
