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Question
A + B →उत्पाद, अभिक्रिया के लिए वेग नियम है - दर = k [A] [B]3/2। क्या यह अभिक्रिया एक प्रारंभिक अभिक्रिया है? समझाइए।
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Solution
एक प्राथमिक अभिक्रिया के दौरान, अभिक्रिया करने वाले अणुओं की संख्या को आण्विकता कहते हैं। यदि यह प्राथमिक अभिक्रिया होती तो B के संदर्भ में अभिक्रिया की कोटि एक होनी चाहिए. थी, परन्तु दिए गए वेग व्यंजक में B के संदर्भ में यह `3/2` है। इससे यह प्रदर्शित होता है कि अभिक्रिया प्राथमिक अभिक्रिया नहीं है।
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RELATED QUESTIONS
एक अभिक्रिया \[\ce{A + B → {उत्पाद}}\], के लिए वेग नियम `r = k[A]^(1/2)[B]^2` से दिया गया है। अभिक्रिया की कोटि क्या है?
A और B के मध्य अभिक्रिया में A और B की विभिन्न प्रारंभिक सांद्रताओं के लिए प्रारंभिक वेग (r0) नीचे दिए गए हैं।
A और B के प्रति अभिक्रिया की कोटि क्या है?
| A/mol L−1 | 0.20 | 0.20 | 0.40 |
| B/mol L−1 | 0.30 | 0.10 | 0.05 |
| r0/mol L−1 s−1 | 5.07 × 10−5 | 5.07 × 10−5 | 1.43 × 10−4 |
नीचे दी गई गैस प्रावस्था में प्रथम कोटि की विघटन अभिक्रिया पर विचार कीजिए।
\[\ce{A(g) -> B(g) + C{g}}\]
A के विघटन से पूर्व तंत्र का प्रारंभिक दाब pi था। 't' समय के पश्चात तंत्र का दाब x इकाई बढ़ कर pt हो जाता है। अभिक्रिया के लिए वेग स्थिरांक k को लिखा जा सकता है-
अरेनिअस समीकरण के अनुसार `"Ae"^(−"E"_"a"//"RT")` अभिक्रिया दर स्थिरांक k के बराबर है। ln k और `1/"T"` के मध्य ग्राफ को निम्न विकल्पों में से किसके द्वारा प्रदर्शित किया जा सकता है।
नीचे दी गई अभिक्रिया की अभिक्रिया दर के लिए निम्नलिखित व्यंजकों में से कौन-सा सही है?
\[\ce{5Br^- (aq) + BrO3^- (aq) + 6H^+ (aq) -> 3Br2 (aq) + 3H2O(l)}\]
वेग नियम संतुलित रासायनिक समीकरण द्वारा निर्धारित नहीं किया जा सकता यदि ______।
- व्युत्क्रम अभिक्रिया सम्मिलित होती है।
- यह एक प्राथमिक अभिक्रिया हो।
- यह प्राथमिक अभिक्रियाओं की एक शृंखला है।
- कोई भी अभिक्रियक आधिक्य में हो।
किसी भी एक-अणुक अभिक्रिया के लिए ______।
- दर निर्धारण चरण में केवल एक अभिकारी स्पीसीज प्रयुक्त होती है।
- सबसे धीमे चरण की कोटि तथा आण्विकता एक के बराबर होती है।
- अभिक्रिया की आण्विकता एक होती है और कोटि शून्य होती है।
- अभिक्रिया की आण्विकता और कोटि दोनों ही एक होती हैं।
एक अभिक्रिया में यदि अभिक्रियक A की सांद्रता तिगुनी कर दी जाए तो अभिक्रिया वेग सत्ताइस गुना बढ़ जाता है। अभिक्रिया की कोटि क्या है?
निम्नलिखित का सुमेलन कीजिए-
| कॉलम I | कॉलम II |
| (i) हीरा (डायमण्ड) | (a) समय का लघु अंतराल |
| (ii) तार्क्षणिक वेग | b) सामान्यत: परिवर्तन का वेग परिलक्षित नहीं होता। |
| (iii) औसत वेग | (c) लंबी समयावधि |
किसी अभिक्रियक के लिए एक अभिक्रिया द्वितीय कोटि की है। अभिक्रिया का वेग कैसे प्रभावित होगा, यदि अभिक्रियक की सांद्रता आधी कर दी जाए?
