हिंदी

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:'गीत-अगीत' के केंद्रीय भाव को लिखिए। - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
'गीत-अगीत' के केंद्रीय भाव को लिखिए।

टिप्पणी लिखिए
Advertisements

उत्तर

गीत-अगीत कविता का केन्दिय भाव यह है कि गीत रचने की मनोदशा ज्य़ादा महत्व रखती है, उसको महसूस करना आवश्यक है। जैसे कवि को नदी के बहने में भी गीत का होना आवश्यक होता है। उसे शुक, शुकी के क्रिया कलापों में भी गीत नज़र आता है। कवि प्रकृति की हर वस्तु में गीत गाता महसूस करता है। उनका कहना है जो गाया जा सके वह गीत है और जो न गाया जा सके वह अगीत है।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 B)
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 11: रामधारी सिंह दिनकर - गीत – अगीत - प्रश्न अभ्यास [पृष्ठ १०१]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
अध्याय 11 रामधारी सिंह दिनकर - गीत – अगीत
प्रश्न अभ्यास | Q 1.8 | पृष्ठ १०१

संबंधित प्रश्न

निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए:
इस कविता में कवि ने शहरों की किस विडंबना की ओर संकेत किया है?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए 
तू न थमेगा कभी
तू न मुड़ेगा कभी


कवि किस दृश्य को महान बता रहा है, और क्यों?


‘अग्नि पथ’ का प्रतीकार्थ स्पष्ट कीजिए।‘अग्नि पथ’ कविता में निहित संदेश अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
प्रेमी जब गीत गाता है, तब प्रेमिका की क्या इच्छा होती है?


तोते और शुकी के गीत का अंतर पठित कविता के आधार पर स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए :
कविता की उन पँक्तियों को लिखिए, जिनसे निम्नलिखित अर्थ का बोध होता है −

1. सुखिया के बाहर जाने पर पिता का हृ्दय काँप उठता था।
______________________________
______________________________
______________________________
______________________________

2. पर्वत की चोटी पर स्थित मंदिर की अनुपम शोभा।
______________________________
______________________________
______________________________
______________________________

3. पुजारी से प्रसाद/फूल पाने पर सुखिया के पिता की मनःस्थिति।
______________________________
______________________________
______________________________
______________________________

4. पिता की वेदना और उसका पश्चाताप।
______________________________
______________________________
______________________________
______________________________


इस कविता का केन्द्रिय भाव अपने शब्दों में लिखिए।


निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 

बुझी पड़ी थी चिता वहाँ पर
छाती धधक उठी मेरी


चारों छंदों में कवि ने आदमी के सकारात्मक और नकारात्मक रूपों को परस्पर किन-किन रूपों में रखा है? अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित में अभिव्यक्त व्यंग्य को स्पष्ट कीजिए:
पगड़ी भी आदमी की उतारे है आदमी
चिल्ला के आदमी को पुकारे है आदमी
और सुन के दौड़ता है सो है वो भी आदमी


आदमी किन स्थितियों में पीर बन जाता है?


‘आदमी नामा’ कविता व्यक्ति के स्वभाव के बारे में क्या अभिव्यक्त करती है?


नज्मकार ने मसजिद का उल्लेख किस संदर्भ में किया है और क्यों?


‘आदमी नामा’ पाठ के आधार पर आदमी के उस रूप का वर्णन कीजिए जिसने आपको सर्वाधिक प्रभावित किया?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
दीरघ दोहा अरथ के, आखर थोरे आहिं।


निम्नलिखित भाव को पाठ में किन पंक्ति द्वारा अभिव्यक्त किया गया है
जिस पर विपदा पड़ती है वही इस देश में आता है।


रहीम ने मूल को सींचने की सीख किस संदर्भ में दी है और क्यों?


निम्नलिखित शब्दों के प्रचलित रूप लिखिए −
मोरा, चंद, बाती, जोति, बरै, राती, छत्रु, धरै, छोति, तुहीं, गुसइआ


रैदास द्वारा रचित ‘अब कैसे छूटे राम नाम रट लागी’ को प्रतिपाद्य लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×