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शाम के समय ये क्या करते हैं? पता लगाइए और लिखिए- पक्षी खिलाड़ी फलवाले माँ पेड़-पौधे पिता जी किसान बच्चे

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Question

शाम के समय ये क्या करते हैं? पता लगाइए और लिखिए-

पक्षी खिलाड़ी फलवाले माँ
पेड़-पौधे पिता जी किसान बच्चे
Short/Brief Note
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Solution

  • पक्षी- अपने घोंसले में लौट आते हैं।
  • खिलाड़ी- अपना खेल बंद कर देते हैं।
  • फलवाले - फल बेचते हैं।
  • माँ- बच्चों के लिए खाना बनाती है।
  • पेड़-पौधे - अपनी जगह पर खड़े रहते हैं।
  • पिताजी - दफ्तर से घर आते हैं।
  • किसान - खेतों से लौटकर घर आते हैं।
  • बच्चे - खेलते हैं।
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पद्य (Poetry) (Class 7)
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Chapter 8: शाम - एक किसान - कविता से आगे [Page 65]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Vasant Part 2 Class 7
Chapter 8 शाम - एक किसान
कविता से आगे | Q 2 | Page 65

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इसमें जो आँगन है वह घर के बाहर के हिस्से को कहा गया है। घर के इन भागों को तुम अपनी भाषा में क्या कहते हो?
कमरा _______
रसोई  _______
बैठक _______
जीना ________
बरामदा _______
छत _________
स्नानघर _______
शौचालय ______


'सुख-स्वप्नों के स्वर गूँजेंगे।'

इसमें 'स' अक्षर बार-बार आया है।

तुम भी नीचे लिखे वर्णों से वाक्य बनाओ। ध्यान रखो कि उस वर्ण से शुरू होने वाले तीन शब्द तुम्हारे वाक्य में हों।

(क) क __________________

(ख) त __________________

(ग) द __________________


'बहुत दिन हुए / हमें अपने मन के छंद छुए।'- इस पंक्ति का अर्थ और क्या हो सकता है? अगले पृष्ठ पर दिए हुए वाक्यों की सहायता से सोचिए और अर्थ लिखिए-

(क) बहुत दिन हो गए, मन में कोई उमंग नहीं आई।

(ख) बहुत दिन हो गए, मन के भीतर कविता-सी कोई बात नहीं उठी, जिसमें छंद हो, लय हो।

(ग) बहुत दिन हो गए, गाने-गुनगुनाने का मन नहीं हुआ।

(घ) बहुत दिन हो गए, मन का दुख दूर नहीं हुआ और न मन में खुशी आई।


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निम्नलिखित शब्दों के प्रचलित-हिंदी रूप लिखिए-

जैसे-परे-पड़े (रे, ड़े)

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मछरी सीत

नीचे दी गई कविता की पंक्तियों को सामान्य वाक्य में बदलिए।

जैसे-एक तिनका आँख में मेरी पड़ा-मेरी आँख में एक तिनका पड़ा।
मूँठ देने लोग कपड़े की लगे-लोग कपड़े की मूँठ देने लगे।

(क) एक दिन जब था मुंडेरे पर खड़ा- ____________
(ख) लाल होकर आँख भी दुखने लगी- __________
(ग) ऐंठ बेचारी दबे पाँवों भगी- ___________
(घ) जब किसी ढब से निकल तिनका गया- ____________


आँख में तिनका पड़ने के बाद घमंडी की क्या दशा हुई?


नीचे दी गई पंक्तियों को ध्यान से पढ़िए-
ऐंठ बेचारी दबे पाँवों भगी,
तब ‘समझ’ ने यों मुझे ताने दिए।
• इन पंक्तियों में ऐंठ’ और ‘समझ’ शब्दों का प्रयोग सजीव प्राणी की भाँति हुआ है। कल्पना कीजिए, यदि ‘ऐंठ’ और ‘समझ’ किसी नाटक में दो पात्र होते तो उनको अभिनय कैसा होता?


नीचे दी गई कबीर की पंक्तियों में तिनका शब्द का प्रयोग एक से अधिक बार किया गया है। इनके अलग-अलग अर्थों की जानकारी प्राप्त करें।
उठा बबूला प्रेम का, तिनका उड़ा अकास।
तिनका-तिनका हो गया, तिनका तिनके पास॥


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बार-बार बोलो और नीचे दिए गए शब्द से वाक्य बनाओ।

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