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O-नाइट्रोफ़ीनॉल और o-क्रीसॉल में से कौन-सा अधिक अम्लीय है?

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Question

o-नाइट्रोफ़ीनॉल और o-क्रीसॉल में से कौन-सा अधिक अम्लीय है?

Short/Brief Note
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Solution

NO2 एक इलेक्ट्रॉन-अपनयक समूह है जो o-नाइट्रोफ़ीनॉल में ऑर्थो स्थिति में मौजूद होता है जो अम्लीय शक्ति को बढ़ाता है और अधिक अम्लीय बनाता है। o-क्रीसॉल में एक इलेक्ट्रॉन विमोचन समूह होता है, वे अम्लीय सामर्थ्य को कम करता है।

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ऐल्कोहॉली और फ़िनॉलो का विरचन
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Chapter 11: ऐल्कोहॉल, फ़ीनॉल एवं ईथर - अभ्यास [Page 169]

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NCERT Exemplar Rasayan Vigyaan [Hindi] Class 12
Chapter 11 ऐल्कोहॉल, फ़ीनॉल एवं ईथर
अभ्यास | Q III. 32. | Page 169

RELATED QUESTIONS

निम्नलिखित यौगिकों की घटती अम्ल प्रबलता के सही क्रम पर निशान लगाइए।

(a) (b) (c) (d) (e)

निम्नलिखित यौगिकों की HBr/HCl के साथ बढ़ती हुई क्रियाशीलता के सही क्रम पर निशान लगाइए।

(a) (b) (c)

निम्नलिखित यौगिकों को बढ़ते हुए क्वथनांक के क्रम में व्यवस्थित कीजिए।

प्रोपेन-1-ऑल, ब्यूटेन-1-ऑल, ब्यूटेन-2-ऑल, पेन्टेन-1-ऑल


निम्नलिखित में से कौन-से RCHO को RCH2OH में परिवर्तित करने के लिए प्रयुक्त होते हैं?

(i) H2/Pd

(ii) LiAlH4

(iii) NaBH4

(iv) RMgX के साथ अभिक्रिया के पश्चात जल अपघटन


ऐथेनॉल के ऐथेनॉइक अम्ल में परिवर्तन के लिए एक अभिकर्मक का सुझाव दीजिए।


फ़ीनॉल को ब्रोमीन जल से अभिकृत करने पर श्वेत अवक्षेप प्राप्त होता है। बनने वाले यौगिक का नाम और संरचना लिखिए।


प्रोपेन-2-ओन को तृतीयक-ब्युटिल ऐल्कोहॉल में कैसे परिवर्तित किया जा सकता है?


फ़ीनॉल का द्विध्रुव अघूर्ण मेथेनॉल से कम क्यों होता है?


कॉलम I और कॉलम II के मदों को सुमेलित कीजिए।

कॉलम I कॉलम II
(i) कार इंजन में प्रयुक्त होने वाला प्रतिहिम (a) उदासीन फेरिक क्लोराइड
(ii) सुगंध में प्रयुक्त होने वाला विलायक (b) ग्लिसरॉल
(iii) पिक्रिक अम्ल का प्रारंभन पदार्थ (c) मेथेनॉल
(iv) काष्ठ स्पिरिट (d) फ़ीनॉल
(v) फ़ीनॉलिक समूह के संसूचन के लिए प्रयुक्त अभिकर्मक (e) एथेलीनग्लाइकॉल
(vi) साबुन उद्योग का अतिरिक्त उत्पाद जो कांतिवर्धकों में प्रयुक्त होता है (f) एथेनॉल

कॉलम I और कॉलम II के मदों को सुमेलित कीजिए।

कॉलम I कॉलम II
(i) मेथेनॉल (a) फ़ीनॉल का o-हाइड्रॉक्सीसैलिसिलिक अम्ल में परिवर्तन
(ii) कोल्बे अभिक्रिया (b) एथिल ऐल्कोहॉल
(iii) विलियम्सन संश्लेषण (c) फ़ीनॉल का सैलिसिलऐल्डिहाइड मेंपरिवर्तन
(iv) 2° ऐल्कोहॉल का कीटोन में परिवर्तन (d) काष्ठ स्पिरिट
(v) राइमर-टीमन अभिक्रिया (e) 573 K पर तप्त कॉपर
(vi) किण्वन (f) ऐल्किल हैलाइड की सोडियम ऐल्कॉक्साइड के साथ अभिक्रिया

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