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Question
मीरा ने सावन का वर्णन किस प्रकार किया है?
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Solution
कविता के दूसरे पद में मीरा ने सावन का वर्णन अनुपम ढंग से किया है। वे कहती हैं कि सावन के महीने में मन-भावन वर्षा हो रही है। सावन के आते ही मन में उमंग आ जाती है। उसे श्रीकृष्ण के आने की भनक लग जाती है। चारों ओर से बादल उमड़-घुमड़ कर आ रहे हैं, बिजली चमक रही है, नन्हीं-नन्हीं बूंदें पड़ रही हैं तथा मंद-मंद शीतल वायु चल रही है।
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फूल |
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क्यारियाँ |
चिड़ियाँ |
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सड़क |
फल |
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खेत |
तालाब |
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कारखाने |
पेड़ |
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कुर्सी |
कागज़ |
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पत्ता |
टहनी |
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