English

क्या आपको दूसरों के इशारों पर काम करना अच्छा लगता है? इसका तर्कसंगत उत्तर दीजिए।

Advertisements
Advertisements

Question

क्या आपको दूसरों के इशारों पर काम करना अच्छा लगता है? इसका तर्कसंगत उत्तर दीजिए।

Answer in Brief
Advertisements

Solution

कदापि नहीं, हमें दूसरों के इशारों पर पलना बिलकुल पसंद नहीं है। इससे हमारी आज़ादी का हनन होता है, साथ ही प्रत्येक स्वाभिमानी व्यक्तियों के विचारों के विपरीत है। अतः स्वाभिमानी व्यक्ति अपनी शर्तों पर स्वच्छंद जीना पसंद करते हैं। अतः हमें दूसरों के इशारों पर काम करना अच्छा नहीं लगता है।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 7)
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 4: कठपुतली - अन्य पाठेतर है हल प्रश्न

APPEARS IN

NCERT Hindi - Vasant Part 2 Class 7
Chapter 4 कठपुतली
अन्य पाठेतर है हल प्रश्न | Q 16

RELATED QUESTIONS

बहुविकल्पी प्रश्नोत्तर

कठपुतली ने अपनी इच्छा प्रकट की


कठपुतली को धागे में क्यों बाँधा जाता है?


 ‘कठपुतली’ कविता के माध्यम से कवि क्या संदेश देना चाहता है?


पहली कठपुतली की बात दूसरी कठपुतलियों को क्यों अच्छी लगी?


बहुविकल्पी प्रश्न

कवि की वीणा में कैसी चिनगारियाँ आ बैठी हैं?


कविता की इस पंक्ति पर ध्यान दो-

"बच्चे और पेड़ दुनिया को हरा-भरा रखते हैं।"

अब तुम यह बताओ कि पेड़ों और बच्चों में क्या कुछ समानता है? उसे अपने ढंग से लिखो।


तुम्हें अपने आस-पास यदि लगे कि किसी को सचमुच में आज भी मान-सम्मान नहीं मिला है ओर उसको तुम मान-सम्मान दिलाना चाहते हो तो उनके नामों की सूची बनाओ।


रिक्त स्थान पूरे करो।

नमूना →

वह मोर सा नाचता है।

लक्की ________की तरह गरजता है।


लड़की बिजली के घर क्यों जाना चाहती है?


नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।

"नया संसार बसाएँगे, नया इंसान बनाएँगे।"

तुम्हारे विचार से नया संसार बसाने और नया इंसान बनाने की ज़रूरत है या नहीं? कारण भी बताओ।


बताओ तुम ये काम कैसे करोगे? शिक्षक से भी सहायता लो।

समय को रहा दिखाना


भाव स्पष्ट कीजिए-

या तो क्षितिज मिलन बन जाता/या तनती साँसों की डोरी।


बहुत से लोग पक्षी पालते हैं-
क्या आपने या आपकी जानकारी में किसी ने कभी कोई पक्षी पाला है? उसकी देखरेख किस प्रकार की जाती होगी, लिखिए।


स्वर्ण-श्रृंखला और लाल किरण - सी में रेखांकित शब्द गुणवाचक विशेषण हैं। कविता से ढूँढ़कर इस प्रकार के तीन और उदाहरण लिखिए।


कविता की भाषा में लय या तालमेल बनाने के लिए प्रचलित शब्दों और वाक्यों में बदलाव होता है। जैसे-आगे-पीछे अधिक प्रचलित शब्दों की जोड़ी है, लेकिन कविता में 'पीछे-आगे' का प्रयोग हुआ है। यहाँ 'आगे' का '...बोली ये धागे' से ध्वनि का तालमेल है। इस प्रकार के शब्दों की जोड़ियों में आप भी परिवर्तन कीजिए-दुबला-पतला, इधर-उधर, ऊपर-नीचे, दाएँ-बाएँ, गोरा-काला, लाल-पीला आदि।


इस कविता को चित्रित करने के लिए किन-किन रंगों का प्रयोग करना होगा?


हिंदी के एक प्रसिद्ध कवि सुमित्रानंदन पंत ने संध्या का वर्णन इस प्रकार किया है-

संध्या का झुटपुट-

बाँसों का झुरमुट-

है चहक रहीं चिड़ियाँ

टी-वी-टी--टुट्-टुट्

• ऊपर दी गई कविता और सर्वेश्वरदयाल जी की कविता में आपको क्या मुख्य अंतर लगा? लिखिए।


दूर फैला अंधकार कैसा दिख रहा है?


कविता के मूलभाव को ध्यान में रखते हुए बताइए कि इसका शीर्षक ‘विप्लव-गायन’ क्यों रखा गया होगा?


नमूने के अनुसार लिखो:

नमूना →
छोड़ घोंसला बाहर आया. देखी डालें, देखे पात। 
  चुरुंगन घोंसला छोड़कर बाहर आया। उसने डालें और पत्ते देखे।

डाली से डाली पर पहुँचा,
देखी कलियाँ देखे फूल।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×