English

इस चित्र को देखो। क्या इसमें कुछ घर पहचान पा रहे हो? ये लकड़ी और मिट्टी के घर हैं जिनमें सर्दियों में कोई नहीं रहता। गर्मियों में बकरवाल लोग यहाँ रहने आते हैं जब वे बकरियों को चराने के लिए पहाड़ो

Advertisements
Advertisements

Question

इस चित्र को देखो। क्या इसमें कुछ घर पहचान पा रहे हो? ये लकड़ी और मिट्टी के घर हैं जिनमें सर्दियों में कोई नहीं रहता। गर्मियों में बकरवाल लोग यहाँ रहने आते हैं जब वे बकरियों को चराने के लिए पहाड़ों की उँचाइयों पर ले जाते हैं।

 

One Line Answer
Advertisements

Solution

हाँ, मैं इन घरों को पहचान पा रहा हूँ। ये घर काफी ऊँचाई वाले इलाके में बने है। जहाँ गर्मियों में बकरवाल लोग रहने आते हैं जब वे बकरियों को चराने के लिए पहाड़ों पर ले जाते हैं।

shaalaa.com
बसेरा ऊँचाई पर
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 13: बसेरा ऊँचाई पर - सोचो और लिखो [Page 130]

APPEARS IN

NCERT Paryavaran Adhyyan Aas-Paas [Hindi] Class 5
Chapter 13 बसेरा ऊँचाई पर
सोचो और लिखो | Q 1 | Page 130

RELATED QUESTIONS

नक्शे में देखकर बताओ कि मुंबई से कश्मीर जाने के रास्ते में कौन-कौन से राज्य आएँगे?


गौरव जानी मुंबई से दिल्ली तक के रास्ते में जिन राज्यों से गुजरे उनकी राजधानियों के नाम पता करो। क्या और भी कोई बड़ा शहर रास्ते में आया होगा? 


क्या तुम कभी टेंट में रहे हो? कहाँ? कैसा अनुभव था?


तुमने किस-किस तरह के घर देखे हैं? उनके बारे में बताओ। चित्र भी बनाओ।


तुम ज़्यादा-से-ज़्यादा कितनी उँचाई तक गए हो?


ऐसे पाँच उदाहरण सोचो और लिखो कि जानवर तुम्हारी जिंदगी से कैसे जुड़े हैं।


क्या भेड़-बकरियों को अपने शरीर के बाल की ज़रूरत नहीं होती, चर्चा करो।


तुम्हारे घर में क्या कोई खास बात है? जैसे - ज़्यादा बारिश होती है तो ढलवाँ छत या बड़ा बरामदा, जहाँ गर्मियों में सोते हो और धूप में कुछ सुखाते हो।


अपने घर के बारे में सोचो। घर बनाने के लिए किन चीज़ों का इस्तेमाल हुआ है? मिट्टी, पत्थर, लकड़ी या सीमेंट? अपने घर की खास बात चित्र द्वारा दिखाओ।


तुमने जम्मू-कश्मीर के तरह-तरह के बसेरों के बारे में पढ़ा - कुछ ऊँचे पहाड़ पर, कुछ पानी में, कुछ जिनमें लकड़ी और पत्थर पर सुंदर डिज़ाइन हैं, कुछ जिन्हें बाँधकर किसी और जगह भी ले जाया जा सकता है।

यह घर तुम्हारे घर से कैसे अलग हैं?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×