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फिर अध्यापक केवल आधा वाक्य बोलें और विद्यार्थी उसे पूरा करके दोहराएँ। अध्यापक: साड़ी ______ है। - Hindi (हिंदी)

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Question

फिर अध्यापक केवल आधा वाक्य बोलें और विद्यार्थी उसे पूरा करके दोहराएँ।

अध्यापक:

साड़ी ______ है।

Options

  • हरी

  • पीली

  • लाल

MCQ
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Solution

विद्यार्थी:

साड़ी लाल है।

shaalaa.com
पतंग
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Chapter 4: पतंग - मौखिक पाठ [Page 25]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Durva Part 1 Class 6
Chapter 4 पतंग
मौखिक पाठ | Q 3. | Page 25

RELATED QUESTIONS

'सबसे तेज़ बौछारें गयीं, भादों गया' के बाद प्रकृति में जो परिवर्तन कवि ने दिखाया है, उसका वर्णन अपने शब्दों में करें।


बिंब स्पष्ट करें-
सबसे तेज़ बौछारें गयीं भादो गया
सवेरा हुआ
खरगोश की आँखों जैसा लाल सवेरा
शरद आया पुलों को पार करते हुए
अपनी नयी चमकीली साइकिल तेज़ चलाते हुए
घंटी बजाते हुए ज़ोर-ज़ोर से
चमकीले इशारों से बुलाते हुए और
आकाश को इतना मुलायम बनाते हुए
कि पतंग ऊपर उठ सके।


‘पतंगों के साथ-साथ वे भी उड़ रहे हैं’- बच्चों का उड़ान से कैसा संबंध बनता है?


निम्नलिखित पंक्तियों को पढ़ कर प्रश्नों के उत्तर दीजिए।

  • छतों को भी नरम बनाते हुए 
    दिशाओं को मृदंग की तरह बजाते हुए
  • अगर वे कभी गिरते हैं छतों के खतरनाक किनारों से और बच जाते हैं तब तो और भी निडर होकर सुनहले सूरज के समान आते हैं।
  1. दिशाओं को मृदंग की तरह बजाने का क्या तात्पर्य है?
  2. जब पतंग सामने हो तो छतों पर दौड़ते हुए क्या आपको छत कठोर लगती है?
  3. खतरनाक परिस्थितियों का सामना करने के बाद आप दुनिया की चुनौतियों के सामने स्वयं को कैसा महसूस करते हैं?

आसमान में रंग-बिरंगी पतंगों को देखकर आपके मन में कैसे खयाल आते हैं? लिखिए।


'रोमांचित शरीर का संगीत' का जीवन के लय से क्या संबंध है?


हिंदी साहित्य के विभिन्न कालों में तुलसी, जायसी, मतिराम, द्विजदेव, मैथिलीशरण गुप्त आदि कवियों ने भी शरद ऋतु का सुंदर वर्णन किया है। आप उन्हें तलाश कर कक्षा में सुनाएँ और चर्चा करें कि पतंग कविता में शरद ऋतु वर्णन उनसे किस प्रकार भिन्न हैं?

पतंग का चित्र बनाओ | 


अब कविता बनाएँ

सर-सर सर-सर उड़ी पतंग

घंटी बोली ______ ______ ______

उड़ता कपड़ा ______ ______ ______ 

______ ______ खन-खन-खन 


तुम पतंग के साथ सैर-सापटे पर गईं। वहाँ तुमने क्या क्या देखा?


पतंग कटकर कहाँ-कहाँ गिर सकती है?


कागज़ से कुत्ता बनाओ | 


ओखली

ली

पतंग

तं

चाबी

चा बी

खरगोश

गो

डाकिया

डा कि या

शलगम

  • श्यामपट पर पतंग लिखें और उसका चित्र दिखाते हुए विद्यार्थियों से बार-बार बुलवाएँ।
  • इसी तरह ओखली, खरगोश, चाबी, डाकिया, शलगम के चित्र दिखाएँ। वर्णों की अलग-अलग पहचान करवाते हुए बार-बार बुलवाएँ।

पहचानो और बोलो

श  ड  ओ  च   
खरगोश डाकिया चाबी ओखली शलगम पतंग

सुनो और बोलो

अंग  अंदर    काका खाक चिमनी
शबनम शंख बंदर चाचा डाक
खिड़की शरबत गंगा पतंग आशा
खीर गलीचा शलगम पंपा चंदन
शीशा चोर बगीचा सरकस लंका
मंगल शाखा मोर शिकारी सरगम
शंका शंकर काशी शोर किनारी

नीचे दिए गए वर्णों को लिखने का अभ्यास करो।

औ 
ख 
 ड 

वस्तुओं/चित्रों को दिखाते हुए अध्यापक प्रश्न पूछें और विद्यार्थी उत्तर दें।

अध्यापक:

कोयल काली होती है?


वस्तुओं/चित्रों को दिखाते हुए अध्यापक प्रश्न पूछें और विद्यार्थी उत्तर दें।

अध्यापक:

मोर नीला होता है?


अध्यापक वाक्य बोलेंगे और विद्यार्थी सुनेंगे

यह बढ़िया मकान है। यह लता का घर है।

लता का घर बड़ा है।

वह नई गाड़ी है। वह गोपाल की गाड़ी है।

गोपाल की गाड़ी नई है।

यह नया कमरा है। यह शीला का कमरा है।

शीला का कमरा नया है।

यह अलमारी बड़ी है। यह पिता जी की अलमारी है।

पिता जी की अलमारी बड़ी है।


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