Advertisements
Advertisements
Question
चित्र को देखकर सही विकल्प को चुनिए।

Options
यदि पिस्टन (B) पर परासरण दाब से कम दाब लगाया जाए तो जल भाग (A) से भाग (B) की ओर जाएगा।
यदि पिस्टन (B) पर परासरण दाब से अधिक दाब लगाया जाए तो जल भाग (B) से भाग (A) की ओर जाएगा।
यदि पिस्टन (B) पर परासरण दाब के बराबर दाब लगाया जाए तो जल भाग (B) से भाग (A) की ओर जाएगा।
यदि पिस्टन (A) पर परासरण दाब के बराबर दाब लगाया जाए तो जल भाग (A) से भाग (B) की ओर जाएगा।
Advertisements
Solution
यदि पिस्टन (B) पर परासरण दाब से अधिक दाब लगाया जाए तो जल भाग (B) से भाग (A) की ओर जाएगा।
स्पष्टीकरण -
यदि हम किसी विलयन पर परासरण दाब से अधिक दाब डालते हैं, तो उसमें मौजूद विलायक अर्ध पारगम्य झिल्ली को शुद्ध विलायक में प्रवाहित कर देगा। विलायक के उच्च सान्द्रता से निम्न सान्द्रता की ओर जाने की प्रक्रिया को प्रतिलोम परासरण कहते हैं। पिस्टन B नीचे चला जाएगा और पानी को सांद्र लवण के विलयन से ताजे पानी की तरफ हटा दिया जाएगा।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
शक्कर के 5% (द्रव्यमान) जलीय विलयन का हिमांक 271 K है। यदि शुद्ध जल का हिमांक 273.15 K है तो ग्लूकोस के 5% जलीय विलयन के हिमांक की गणना कीजिए।
क्वथनांक उन्नयन स्थिरांक की इकाई है-
अचार बनाने के लिए कच्चे आम को नमक के सांद्र विलयन में रखने पर यह सिकुड़ जाता है क्योंकि ______।
दिए गए ताप पर एक सांद्र विलयन के परासरण दाब की तुलना ______।
प्रतिलोम परासरण को संपन्न करने के लिए उपयोग में आने वाले अर्धपारगम्य झिल्ली के निर्माण के लिए एक पदार्थ का उदाहरण दीजिए।
अभिकथन - मेथिल ऐल्कोहॉल को जल में घोलने से जल का क्वथनांक बढ़ता है।
तर्के - वाष्पशील ठोस को वाष्पशील विलयन में मिलाने से क्वथनांक में उन्नयन प्रेक्षित होता है।
अभिक्रन - NaCl को जल में मिलाने से जल के हिमांक में अवनमन प्रेक्षित होता है।
तर्के - विलयन के वाष्प दाब में कमी के कारण हिमांक में अवनमन होता है।
आसवन के द्वारा शुद्ध एथेनॉल प्राप्त करना संभव क्यों नहीं है? ऐसे द्विअंगी मिश्रणों को क्या नाम दिया जाता है जो सामान्यत: राउल्ट के नियम से विचलन दर्शाते हैं और जिनके अवयवों को आसवन द्वारा अलग नहीं किया जा सकता? ये मिश्रण कितने प्रकार के होते हैं?
जल में रखने पर किशमिश आकार में फूल जाती है। इससे संबंधित परिघटना का नाम दीजिए तथा चित्र की सहायता से इसे समझाइए। इस परिघटना के तीन अनुप्रयोग दीजिए।
वान्टहॉफ कारक की सहायता से समझाइए कि अणुसंख्यक गुण मापन विधि द्वारा कुछ विलेयों के लिए निर्धारित द्रव्यमान असामान्य क्यों होता है।
