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Question
बच्चे की दंतुरित मुसकान का कवि के मन पर क्या प्रभाव पड़ता है?
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Solution
यह कविता शिशु की निष्कपट और दंतुरित (दाँतों वाली) मुस्कान की जीवनदायी शक्ति को व्यक्त करती है। कवि कहता है कि यह मुस्कान जीवन में नई ऊर्जा, ताजगी और आनन्द भर देती है। यह मुस्कान झोपड़ी को भी महल बना सकती है और कठिनाइयों में भी जीने का बल देती है।
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भाव स्पष्ट कीजिए -
छू गया तुमसे कि झरने लग पड़े शेफालिका के फूल बाँस था कि बबूल?
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बच्चे से कवि की मुलाकात का जो शब्द-चित्र उपस्थित हुआ है उसे अपने शब्दों में लिखिए।
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