Advertisements
Advertisements
प्रश्न
निम्नलिखित असत्य कथनों को कविता के आधार पर सही करके लिखिए –
अब यह आत्मा बलवान और सक्षम हो गई है और छटपटाती छाती को वर्तमान में सताती है।
Advertisements
उत्तर
अब यह आत्मा कमजोर और अक्षम हो गई है और छटपटात छाती को भवितव्यता डराती है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
ममत्व का भाव प्रकट करने वाली कोई भी एक त्रिवेणी ढूँढ़कर उसका अर्थ लिखिए।
निम्न पंक्तियों में से प्रतीकात्मक पंक्ति छाँटकर उसके स्पष्ट कीजिए –
(1) चलते-चलते जो कभी गिर जाओ।
(2) रात की कोख ही से सुबह जन्म लेती है।
(3) अपनी आँखों में जब भी देखा है।
नौकरीपेशा अभिभावकों के बच्चों के पालन की समस्या पर प्रकाश डालिए।
आधुनिक जीवन शैली के कारण निर्मित समस्याओं से जूझने की प्रेरणा इन त्रिवेणियों से मिलती है, स्पष्ट कीजिए।
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
नये स्वर्ग का प्रथम चरण
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
युग बंदिनी हवाएँ
स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ समझते हुए प्रस्तुत गीत का रसास्वादन कीजिए।
जानकारी दीजिए :
‘तार सप्तक’ केदो कवियों के नाम -
लिखिए -
‘मैं ही मुझको मारता’ से तात्पर्य ____________
सहसंबंध जोड़कर अर्थपूर्ण वाक्य बनाइए –
(१) पाती प्रेम की
(२) साईं
‘प्रेम और स्नेह मनुष्य जीवन का आधार है’, इस संदर्भ में अपना मत लिखिए।
जानकारी दीजिए :
निर्गुण शाखा केसंत कवि
जानकारी दीजिए :
संत दादू के साहित्यिक जीवन का मुख्य लक्ष
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
उसे तुम्हारे शक्ती पर विश्वास हो गया।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
हमारा तो सबसे प्रीती है।
लिखिए :
निम्नलिखित शब्दों से संबंधित पद में समाहित एक-एक पंक्ति लिखिए -
(१) फल : __________________
(२) व्यंजन : __________________
(३) पान : __________________
बाल हठ और वात्सल्य के आधार पर सूर के पदों का रसास्वादन कीजिए।
जो कुछ भी मेरा है वह तुम्हें प्यारा है, इस पंक्ति से कवि का मंतव्य स्पष्ट कीजिए।
जाने क्या रिश्ता है, जाने क्या नाता है, जितना भी उँडेलताहूँ, भर-भर फिर आता है,' इन पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।
अलंकार पहचानकर लिखिए :
कूलन में केलिन में, कछारन में, कुंजों में
क्यारियों में, कलि-कलीन में बगरो बसंत है।
अलंकार पहचानकर लिखिए :
के-रख की नूपुर-ध्वनि सुन।
जगती-जगती की मूक प्यास।
निम्नलिखित अलंकारों से युक्त पंक्तियाँ लिखिए :
श्लेष-
उत्तर लिखिए :
प्रथम स्वागत करते हुए दिलाया विश्वास ____________
‘‘यह तो तब था, घास ही पत्थर
पत्थर में प्राण हमनेडाले।।’’
उपर्युक्त पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।
लिखिए:
गजलकार के अनुसार दोस्ती का अर्थ
लिखिए:
कवि ने इनसे सावधान किया है
लिखिए:
प्रकृति से संबंधित शब्द तथा उनके लिए कविता में आए संदर्भ
| शब्द |
संदर्भ |
गजल में प्रयुक्त विरोधाभास वाली दो पंक्तियाँ ढूँढ़कर उनका अर्थ लिखिए।
जानकारी दीजिए:
डॉ. राहत इंदौरी जी की गजलों की विशेषताएँ।
