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अलंकार पहचानकर लिखिए :कूलन में केलिन में, कछारन में, कुंजों मेंक्यारियों में, कलि-कलीन में बगरो बसंत है।

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प्रश्न

अलंकार पहचानकर लिखिए :
कूलन में केलिन में, कछारन में, कुंजों में
क्यारियों में, कलि-कलीन में बगरो बसंत है।

एक पंक्ति में उत्तर
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उत्तर

अनुप्रास अलंकार। 'क' वर्ण की आवृत्ति।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (11th Standard)
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अध्याय 12: सहर्ष स्वीकारा है - साहित्य संबंधी सामान्य ज्ञान 2 [पृष्ठ ६४]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Yuvakbharati [English] Standard 11 Maharashtra State Board
अध्याय 12 सहर्ष स्वीकारा है
साहित्य संबंधी सामान्य ज्ञान 2 | Q 1.1 | पृष्ठ ६४

संबंधित प्रश्न

निम्न पंक्तियों में से प्रतीकात्मक पंक्ति छाँटकर उसके स्पष्ट कीजिए –
(1) चलते-चलते जो कभी गिर जाओ।
(2) रात की कोख ही से सुबह जन्म लेती है।
(3) अपनी आँखों में जब भी देखा है।


‘पालनाघर की आवश्यकता’ पर अपने विचार लिखिए।


जानकारी दीजिए:
त्रिवेणी काव्य प्रकार की विशेषताएँ:

  1. ____________
  2. ____________

आशय लिखिए:

‘‘ऊँची हुई मशाल हमारी......हमारा घर है।’’


‘देश की रक्षा-मेरा कर्तव्य’, इसपर अपना मत स्पष्ट कीजिए ।


‘देश के विकास में युवकों का योगदान’, इस विषय पर अपने विचार लिखिए।


स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ समझते हुए प्रस्तुत गीत का रसास्वादन कीजिए।


लिखिए -

‘मैं ही मुझको मारता’ से तात्पर्य ____________


‘संत दादू के मतानुसार ईश्वर सबमें है’, इस आशय को व्यक्त करने वाली पंक्तियाँ ढूँढ़कर उनका भावार्थ स्पष्ट कीजिए।


जानकारी दीजिए :

निर्गुण शाखा केसंत कवि 


निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -

उसे तुम्हारे शक्ती पर विश्वास हो गया।


निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -

मल्लिका ने देखी तो आँखे फटी रह गया।


निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -

गर्जना गुज बनकर रह गई।


निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -

तूम नेदीपक जेब मेंक्यों रख लिया?


निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -

इसकी काम आएगा।


यशोदा अपने पुत्र को शांत करते हुए कहती है −

.........................................................

.........................................................


निम्नलिखित पंक्तियों का भावार्थ स्पष्ट कीजिए −

‘‘रचि पिराक, लड्‌डू, दधि आनौ।

तुमकौं भावत पुरी सँधानौं।।’’


‘माँ ममता का सागर होती है’, इस उक्ति में निहित विचार अपने शब्दों में लिखिए।


बाल हठ और वात्सल्य के आधार पर सूर के पदों का रसास्वादन कीजिए।


निम्नलिखित असत्य कथनों को कविता के आधार पर सही करके लिखिए –
जो कुछ निद्रित अपलक है, वह तुम्हारा असंवेदन है।


जो कुछ भी मेरा है वह तुम्हें प्यारा है, इस पंक्ति से कवि का मंतव्य स्पष्ट कीजिए।


अलंकार पहचानकर लिखिए :
के-रख की नूपुर-ध्वनि सुन।
जगती-जगती की मूक प्यास।


उत्तर लिखिए:

‘स्वागत है’ काव्य मेंदी गई सलाह। ______


‘‘यह तो तब था, घास ही पत्थर
पत्थर में प्राण हमनेडाले।।’’
उपर्युक्त पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।


आधुनिक युग में बढ़ती प्रदर्शन प्रवृत्ति ' विषय पर अपने
विचार लिखिए।


जानकारी दीजिए:
अन्य गजलकारों के नाम।


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