Advertisements
Advertisements
Question
उचितपदेन रिक्तस्थानानि पूरयत –
विद्यालस्य विद्यालयत्वं ______ भवति।
Options
छात्रान्
छात्रैः
Advertisements
Solution
विद्यालस्य विद्यालयत्वं छात्रैः भवति।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
अधोलिखितम् अनुच्छेद पठित्वा कर्तृपवानि चित्वा लिखत –
वृक्षे अनेके खगाः वसन्ति। ते परस्परं प्रेम्णा व्यवहरन्ति। एकदा एकः वानरः तत्र आगच्छत्। सः शाखासु कूर्दति। खगाः दुःखिताः भवन्ति। ते न जानन्ति कथं अस्य प्रतिकारः कर्तव्यः। पुनः ते अचिन्तयन्-वयं मिलित्वा अस्य उपरि प्रहार कुर्मः।तदा वानरः आगच्छत्। ते तस्य उपरि प्रहारम् अकुर्वन्। वानरः आहतः अभवत्। ततः परं सः कदापि तत्र न आगच्छत्।
______ ______ ______
______ ______ ______
______ ______ ______
उदाहरणानुसारं सार्थक पदं लिखत –
| वा | रः | न |
उदाहरणानुसारं सार्थक पदं लिखत –
| शा | खा | सु |
अधोलिखितश्लोकेभ्यः तृतीयाविभक्तियुक्तपदानि चित्वा लिखत –
दरिद्रता धौरतया विराजते,
कुवस्त्रता शुभ्रतया विराजते।
कदन्नता चोष्णतया विराजते,
कुरूपता शीलतया विराजते।
| ______ | ______ | ______ | ______ |
घटात् चतुर्थी-विभक्तियुक्तपदानि चित्वा उचितकोष्ठके लिखत –

| एकवचन | द्विवचनम | बहुवचनम |
| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ||
कोष्ठके प्रदत्तशब्दैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत।
______ अङ्कुरः प्रभवति। (बीज)
कोष्ठके प्रदत्तशब्दैः सह उचितविभक्तिं प्रयुज्य रिक्तस्थानानि पूरयत।
______ नद्यः प्रभवन्ति। (पर्वत)
पंचमीविभक्तियुक्तपदं उदाहरणानुसारं चिह्नितं कुरुत –
यथा- काष्ठात् अग्निः जायते मध्यमानात्।
दोषक्षयोऽग्निवृद्धिश्च व्यायामादुपजायते।
उदाहरणानुसारं लिखत –
| शब्दः | विभक्तिः | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् |
| यथा- महिला | पञ्चमी | महिलायाः | महिलाभ्याम् | महिलाभिः |
| देवी | ______ | ______ | ______ | ______ |
उदाहरणानुसारं लिखत –
| शब्दः | विभक्तिः | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् |
| यथा- मित्रम् | पञ्चमी | मित्रम् | मित्राभ्याम् | मित्रेभ्यः |
| गात्रम् | ______ | ______ | ______ | ______ |
कोष्ठकात् उचितं पदं चित्वा रिक्तस्थानानि पूरयत –
अद्यत्वे ______ जीवनं कष्टमयं जायते।
षष्ठीविभक्तियुक्तपदानि चित्वा लिखत –
नित्यं वृद्धोपसेविनः।
चत्वारि तस्य वर्धन्ते
आयुर्विद्या यशो बलम्।
| अभिवादनशीलस्य | वृद्धोपसेविनः |
| तस्य | |
उदाहरणानुसारं लिखत –
यथा-
| नर | ||
| नरस्य | नर्योः | नराणां |
| वेद | ||
| ______ | ______ | ______ |
उदाहरणानुसारं लिखत –
| नर | ||
| नरस्य | नर्योः | नराणां |
| नदी | ||
| ______ | ______ | ______ |
षष्ठीविभक्तियुक्तपदानां रचनां कुरुत –

| ______ | ______ | ______ |
| ______ | ______ | ______ |
कोष्ठकात् उचितं पदं चित्वा लिखत –
अद्य तु ______ अपि वृक्षाः न सन्ति।
उदाहरणमनुसृत्य अधोलिखितान् कोष्ठकान् यथायोग्यपदैः पूरयत –
यथा- जन
| जने | जन्योः | जनेषु |
विद्वत्
| ______ | ______ | ______ |
उदाहरणमनुसृत्य अधोलिखितान् कोष्ठकान् यथायोग्यपदैः पूरयत –
यथा- जन
| जने | जन्योः | जनेषु |
क्षमा
| ______ | ______ | ______ |
सप्तमीविभक्तियुक्तपदानि चित्वा लिखत –
सत्यमेवेश्वरो लोके
सत्ये धर्मः समाश्रितः।
उत्तर

