Advertisements
Advertisements
Question
तनुता बढ़ाने पर CH3COOH के Λm का मान तेजी से क्यों बढ़ता है जबकि CH3COONa का Λm मान धीरे-धीरे से बढุता है?
Advertisements
Solution
दुर्बल विद्युत अपघट्य और प्रबल विद्युत अपघट्य दोनों की मोलर चालकता तनुता पर बढ़ जाती है, लेकिन यह उस मात्रा में भिन्न होता है जिसमें यह बढ़ता है।
CH3COOH एक दुर्बल विद्युत अपघट्य है, जिसका अर्थ है तनुकरण पर वियोजन की मात्रा में वृद्धि के कारण संख्या की वृद्धि होती है।
\[\ce{CH3COOH + H2O ⇌ CH3COO^{-} (aq) + H3O^{+}}\]
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
चालकता सेल का सेल स्थिरांक ______.
प्लेटिनम इलेक्ट्रोड की उपस्थिति में CuSO4 के जलीय विलयन का विद्युत् अपघटन करने पर क्या होगा?
(i) कैथोड पर कॉपर निक्षपित होगा।
(ii) ऐनोड पर कॉपर निक्षिपित होगा।
(iii) ऐनोड पर ऑक्सीजन निकलेगी।
(iv) ऐनोड पर कॉपर घुलेगा।
चालकता κ, बराबर है ______ के।
(i) `1/"R", l/"A"`
(ii) `("G"*)/"R"`
(iii) ∧m
(iv) `l/"A"`
दो विद्युत् अपघट्यों 'A' और 'B' के विलयनों को तनुकृत किया जाता है। 'B' का Λm1.5 गुना बढ़ता है जबकि A का Λm25 गुना बढ़ता है। इन दोनों में से कौन-सा प्रबल विद्युत् अपघट्य है? अपने उत्तर का औचित्य समझाइए।
डिस्चार्ज होते समय सीसा संचायक सेल में होने वाली अभिक्रिया लिखिए। जब बैटरी डिस्चार्ज होती है तो विद्युत् अपघट्य का घनत्व किस प्रकार प्रभावित होता है?
अभिकथन - तनुता बढ़ाने पर सभी विद्युत् अपघट्यों की चालकता घटती है।
तर्क - तनुता बढ्डाने से प्रति इकाई आयतन में आयनों की संख्या घटती है।
अभिकथन - NaCl विलयन का विद्युत् अपघटन O2 के बजाए ऐनोड पर क्लोरीन देता है।
तर्क - ऐनोड पर ऑक्सीजन बनने के लिए अधिवोल्टता चाहिए।
अभिकथन - आयनिक विलयन का प्रतिरोध मापने के लिए प्रत्यावर्ती धारा को स्नोत के रूप में काम में लेते हैं।
तर्क - यदि दिष्टधारा को स्तोत के रूप में काम में लेते हैं तो आयनिक विलयन की सांद्रता परिवर्तित हो जाती है।
अभिकथन - कॉपर सल्फ़ेट को ज़ंक पात्र में रखा जा सकता है।
तर्क - कॉपर की तुलना में जिंक कम सक्रिय होता है।
चित्र के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए।

यदि सेल 'A' का Eसेल = 0.5 V तथा सेल 'B' का Eसेल = 1.1 V हो तो ऐनोड व कैथोड पर क्या अभिक्रियाएँ होगी?
