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थर्मोकोल का बना ‘हिम बॉक्स' विशेषकर गर्मियों में कम मात्रा के पके भोजन के भंडारण का सस्ता तथा दक्ष साधन है। 30 cm भुजा के किसी हिम बॉक्स की मोटाई 5.0 cm है। - Physics (भौतिक विज्ञान)

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Question

थर्मोकोल का बना ‘हिम बॉक्स' विशेषकर गर्मियों में कम मात्रा के पके भोजन के भंडारण का सस्ता तथा दक्ष साधन है। 30 cm भुजा के किसी हिम बॉक्स की मोटाई 5.0 cm है। यदि इस बॉक्स में 4.0 kg हिम रखा है तो 6h के पश्चात बचे हिम की मात्रा का आकलन कीजिए। बाहरी ताप 45°C है तथा थर्मोकोल की. ऊष्मा चालकता 0.01 Js-1m-1k-1 है। (हिम की संगलन ऊष्मा = 335 x 103Jkg-1)

Numerical
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Solution

हिम बॉक्स की भुजा a = 30 cm = 0.3 m, बॉक्स की मोटाई l = 5.0 cm = 0.05 m

बाहरी ताप T1 = 45°C, अन्दर (बर्फ) का ताप T2 = 0°C

समय t = 6h = 6 × 60 × 60 s , बर्फ का द्रव्यमान = 4.0 kg

थर्मोकोल की ऊष्मा चालकता = K = 0.01 J s-1 m-1 K-1

बर्फ की संगलन ऊष्मा Lƒ = 335 × 103 J kg-1   ΔT = 45°C = 45K

हिम बॉक्स का बाह्य क्षेत्रफल A = 6a2 = 6 × (0.3 m)2 = 0.54 m2

t = 6 × 60 × 60 s में हिम बॉक्स के भीतर पहुंची ऊष्मा की मात्रा

`"Q" = ("K""A"(Δ"T")"t")/"l"`

= `(0.01  "J" "s"^-1 "m"^-1 "K"^-1 xx 0.54  "m"^2 xx 45"K")/(0.05  "m") xx 6 xx 60 xx 60` s

= 1.05 × 105 J

माना ईसे ऊष्मा को प्राप्त करके m द्रव्यमान बर्फ पिघल जाती है। इस प्रक्रिया में बर्फ द्वारा अवशोषित ऊष्मा

Q = mLƒ

∴ mLƒ = 1.05 × 105 J

⇒ `"m" = (1.05 xx 10^5  "J")/"L"_ƒ`

`= (1.05 xx 10^5)/(335 xx 10^3  "J"  "kg"^-1)`

= 0.313  kg

अतः शेष हिम की मात्रा `"m"^"'" = 4.0  "kg" - 0.313  "kg"`

= 3.687  kg

≈ 3.7  kg

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अवस्था परिवर्तन - गुप्त ऊष्मा
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