Advertisements
Advertisements
Questions
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
सः पठनार्थं गुरुमुपागच्छत्। (बहुवचनं कुरुत।)
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
सः पठनार्थं गुरुम् उपागच्छत्। (बहुवचनं कुरुत।)
Advertisements
Solution
ते पठनार्थं गुरुम् उपागच्छन्।
RELATED QUESTIONS
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
१०
सूचनानुसारं कृतीः कुरुत ।
अहं वाणिज्यशाखायाः स्नातकः।
(वाक्य बहुवचने परिवर्तयत ।)
योग्यं पर्यायं चिनुत ।
त्वं धनुः ______।
सन्धिविग्रह कुरुत।
उदर एव।
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
प्रदोषकाले मृगमन्विष्यन् काकः क्षेत्रे उपस्थितः।
पूर्वपदं लिखत।
मृगोऽब्रवीत् = ______ + अब्रवीत्।
सन्धिविग्रहं कुरुत।
आत्मनो मुखदोषेण
सन्धिविग्रहं कुरुत।
सारथिरपि।
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
सुगत एवाधिकतमं मूल्यं मह्यं दद्यात्।
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
मे आत्मा कृतार्थतां लभताम्। (लङ्लकारे वाक्यं परिवर्तयत।)
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| कणादमुनिः | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| नीरजम् | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| जपाकुसुमम् | ..... | ..... |
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
गौः मञ्चं समागता।
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
प्रेक्षकाः मां निर्घृणं ताडितवन्तः। (वाच्यपरिवर्तनं कुरुत।)
सर्वनाम तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| ..... | आवाम्-नौ | ..... | द्वितीया |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| अनिच्छा | ..... | ..... |
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
प्रसादेन संस्कृतस्य अध्ययनं शालायां कृतम्।
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
अहम् अध्ययने यत्नं करोमि। (वाक्यं विधिलिङ्लकारे परिवर्तयत।)
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ/शानच् |
| रभ् (१ आ.प.) | रब्धः | ______ | ______ | रभमाणः |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ/शानच् |
| रम् (१ आ.प.) | रतः | ______ | रन्तव्यः | ______ |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ/शानच् |
| पा-पिब् (१ प.प.) | ______ | ______ | पेयः | पिबन् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ/शानच् |
| प्र + विश् (६ प.प.) | प्रविष्टः | ______ | ______ | प्रविशन् |
पृष्ठतः ______ युवकाः गोष्ठिषु रताः।
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| भरतमुनिः | ...... | ...... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| सावधानमनः | ...... | ...... |
क्रियापदतालिकां पूरयत।
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | पुरुषः | लकारः |
| ______ | लिखेतम् | ______ | मध्यमः | विधिलिङ् |
क्रियापदतालिकां पूरयत।
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | पुरुषः | लकारः |
| ______ | ______ | पूजयाम | उत्तमः | लोट् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवन् | कृत्या | शतृ/शानच् |
| लभ् (१ आ.प.) | ______ | लब्धवान् | लभनीयः | ______ |
सङ्ख्याः अङ्कैः लिखत।
नवसप्ततिः
सङ्ख्याः अङ्कैः लिखत।
सप्तनवतिः
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
३२
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
८२
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
८
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
२८
लकारं लिखत।
सः मृगं बन्धनात् व्यमुञ्चत्। = ......
समानार्थकशब्दान् लिखत।
गृहम् - .......।
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
७१
मञ्जूषातः विरुदार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
लघुः × ______।
