English

‘सिंदूरी’ और ‘अपने सपनों के गाँव' में उसे क्या अंतर मिला?

Advertisements
Advertisements

Question

‘सिंदूरी’ और ‘अपने सपनों के गाँव' में उसे क्या अंतर मिला?

Short/Brief Note
Advertisements

Solution

सिंदूरी में प्रत्येक वस्तु पैसों से मिलती थी। सिंदूरी में यदि कोई बीमार पड़ जाता तो डॉक्टरों से अस्पताल में दिखाना पड़ता था, अस्पताल में दवा भी नहीं मिलती थी, जबकि जात्र्या के गाँव में बीमार पड़ने पर जड़ी बूटी से इलाज हो जाया करता था।

shaalaa.com
जाएँ तो जाएँ कहाँ
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 18: जाएँ तो जाएँ कहाँ - लिखो [Page 171]

APPEARS IN

NCERT Paryavaran Adhyyan Aas-Paas [Hindi] Class 5
Chapter 18 जाएँ तो जाएँ कहाँ
लिखो | Q 2 | Page 171

RELATED QUESTIONS

जात्र्या भीड़ में रहकर भी अकेला महसूस कर रहा था। क्या तुम्हारे साथ भी कभी ऐसा हुआ है?


क्या तुम हर रोज़ पक्षियों की आवाज़ें सुनते हो? कौन-कौन से?


तुम रोज़ ऐसी कौन-सी आवाज़ें सुनते हो, जो खेड़ी के लोग नहीं सुनते होंगे?


जात्र्या के खेड़ी के परिवार में कितने लोग थे? जात्र्या जब अपने परिवार के बारे में सोचता तो उसके मन में कौन-कौन आता?


अपने परिवार के बारे में सोचते हो तो तुम्हारे मन में कौन-कौन आता है?


क्या तुमने ऐसे लोगों के बारे में सुना है, जो अपनी पुरानी जगह से हटना पसंद नहीं करते? उनकी कुछ बातें बताओ।


जात्र्याभाई के बच्चे मुंबई में किस तरह के स्कूल में जाते होंगे?


क्या तुम किसी बच्चे या परिवार को जानते हो, जो अपनी जगह से हटाए गए हों? उनसे बात करो।


वे कहाँ से आए हैं? उन्हें यहाँ क्यों आना पड़ा?


उनकी पहली जगह कैसी थी? उसकी तुलना में नई जगह कैसी है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×