Advertisements
Advertisements
Question
पदार्थ का द्रव्यमान m है तथा वह v वेग से गतिशील है तो गतिज ऊर्जा का सूत्र तैयार कीजिए।
Advertisements
Solution
मानो कि, m द्रव्यमानवाला कोई पदार्थ एकसमान त्वरण a से सरल रेखा में गतिशील है। इसका प्रारंभिक वेग u है तथा अंतिम वेग v है। वेग के इस परिवर्तन की अवधि में उसके द्वारा तय की गई दूरी s है।
तो गति के तृतीय समीकरण के आधार पर,
`v^2 = u^2 + 2as therefore s = (v^2 - u^2)/(2a)` ...........(1)
यदि पदार्थ पर क्रियाशील संपूर्ण बल F हो और उस बल द्वारा किया गया कार्य हो, तो
W = Fs .........(2)
परंतु, F = ma ............(3)
समीकरणों (1), (2) तथा (3) के आधार पर,
W = mas = ma`((v^2 - u^2)/(2a)) therefore W = 1/2m(v^2 - u^2)`
यदि वह पदार्थ प्रारंभ में विरामावस्था में हो, तो u = 0
∴ W = `1/2mv^2`
परंतु, कार्य करने की क्षमता को ही ऊर्जा कहते हैं।
∴ पदार्थ की गतिज ऊर्जा = `1/2mv^2`
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
एक पिंड को धरती से किसी कोण पर फेंका जाता है। यह एक वक्र पथ पर चलता है और वापस धरती पर आ गिरता है। पिंड के पथ के प्रारंभिक तथा अंतिम बिंदु एक ही क्षैतिज रेखा पर स्थित हैं। पिंड पर गुरुत्व बल द्वारा कितना कार्य किया गया?
m द्रव्यमान का एक पिंड एक नियत वेग v से गतिशील है। पिंड पर कितना कार्य करना चाहिए कि यह विराम अवस्था में आ जाए?
मुक्त रूप से गिरता एक पिंड अंततः धरती तक पहुँचने पर रुक जाता है। इसकी गतिज ऊर्जा का क्या होता है?
सरल रेखा में गतिमान किसी पिंड पर गति की दिशा में कुछ दूरी तक, एक नियत बल F लगाकर इसका वेग बढ़ाया गया है। सिद्ध कीजिए कि पिंड की गतिज ऊर्जा में वृद्धि पिंड पर बल द्वारा किए गए कार्य के बराबर होती है।
एक हलका तथा दूसरा भारी, दो पिंडों के संवेग समान हैं। इनकी गतिज ऊर्जाओं का अनुपात ज्ञात कीजिए। इनमें किसकी गतिज ऊर्जा अधिक है?
कोई स्वचालित इंजन किसी 1000 kg द्रव्यमान की कार (A) को 36 km h-1 की चाल से समतल सड़क पर खींचता है। यदि यह गति 100 N घर्षण बल के तुल्य है तो इंजन की शक्ति परिकलित कीजिए। अब मान लीजिए 200 m चलने के पश्चात् यह कार समान द्रव्यमान की किसी दूसरी स्थिर कार (B) से टकराकर स्वयं विरामावस्था में आ जाती है। मान लीजिए उसी क्षण इसका इंजन भी रुक जाता है। अब कार B का इंजन चालू नहीं है और संघट्ट के पश्चात् यह उसी समतल सड़क पर चलना प्रारंभ कर देती है। संघट्ट के तुरंत पश्चात् कार B की चाल परिकलित कीजिए।
वाट की परिभाषा लिखिए। किलोवाट को जूल प्रति सेकंड के पदों में व्यक्त कीजिए। 150 kg का कोई कार का इंजन प्रत्येक kg के लिए 500W शक्ति विकसित करता है। कार को 20ms-1 चाल से गति कराने के लिए इंजन को कितना बल लगाना पड़ता है?
नीचे दिए गए प्रत्येक प्रकरण में गुरुत्व बल के विरुद्ध ऊपर की ओर गति करने की शक्तियों की तुलना कीजिए -
250 g की गिलहरी, 0.5ms-1 की दर से पेड़ पर चढ़ रही है।
गतिज ऊर्जा और स्थितिज ऊर्जा के बीच अंतर स्पष्ट कीजिए।
क्या किसी पिंड का संवेग शून्य होने पर पिंड में गतिज ऊर्जा होती है? स्पष्ट कीजिए।
