Advertisements
Advertisements
Question
पाठ में दिए गए दोहों की कोई पंक्ति कथन है और कोई कथन को प्रमाणित करने वाला उदाहरण। इन दोनों प्रकार की पंक्तियों को पहचान कर अलग-अलग लिखिए।
Advertisements
Solution
उदाहरण वाले दोहे -
(i) तरूवर फल नहिं खात है, सरवर पियत न पान।
कहि रहीम परकाज हित, संपति-सचहिं सुजान||
(ii) थोथे बादर क्वार के, ज्यों रहीम घहरात।
धनी पुरूष निर्धन भए, करें पाछिली बात||
(iii) धरती की-सी रीत है, सीत घाम औ मेह।
जैसी परे सो सहि रहे, त्यों रहीम यह देह||
कथन वाले दोहे -
(1) कहि रहीम संपति सगे, बनत बहुत बहु रीत।
बिपति कसौटी जे कसे, तेई साँचे मीत||
(2) जाल परे जल जात बहि, तजि मीनन को मोह।
रहिमन मछरी नीर को, तऊ न छाँड़ति छोह||
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
बहुविकल्पी प्रश्न
कवि अपनी कविता के माध्यम से आह्वान कर रहा है
बहुविकल्पी प्रश्नोत्तर
कठपुतली गुस्से से क्यों उबल पड़ी
जब बच्ची अपनी माँ से सब बातें कर रही थी, उस समय का आसमान और मौसम कैसा रहा होगा? अपनी कल्पना से बताओ। (संकेत- धूप, सूरज, बादल, धरती, बिजली, लोगों की परेशानियाँ आदि)
"तब माँ कोई कर न सकेगा
अपने ऊपर अत्याचार।"
कविता की इस पंक्ति में किस अत्याचार की बात की जा रही है? वे किस तरह के अत्याचार करते थे?
नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।
कवि 'हम धरती के लाल' ही क्यों कहना चाहते हैं?
नीचे लिखे शब्दों को तुम्हारे घर की भाषा में क्या कहते हैं?
|
क |
देश______ |
घ |
जनता______ |
|
ख |
धरती______ |
ङ |
त्योहार______ |
|
ग |
दूध______ |
च |
इंसान______ |
बताओ तुम ये काम कैसे करोगे? शिक्षक से भी सहायता लो।
जनता को एक करना
बताओ तुम ये काम कैसे करोगे? शिक्षक से भी सहायता लो।
नया इंसान बनाना
पहली कठपुतली ने स्वयं कहा कि-'ये धागे/क्यों हैं मेरे पीछे-आगे?/इन्हें तोड़ दो;/मुझे मेरे पाँवों पर छोड़ दो।'-तो फिर वह चिंतित क्यों हुई कि-'ये कैसी इच्छा/मेरे मन में जगी?' नीचे दिए वाक्यों की सहायता से अपने विचार व्यक्त कीजिए-
•उसे दूसरी कठपुतलियों की ज़िम्मेदारी महसूस होने लगी।
•उसे शीघ्र स्वतंत्र होने की चिंता होने लगी।
•वह स्वतंत्रता की इच्छा को साकार करने और स्वतंत्रता को हमेशा बनाए रखने के उपाय सोचने लगी।
•वह डर गई, क्योंकि उसकी उम्र कम थी।
निम्नलिखित शब्द का प्रयोग आप किन संदर्भ में करेंगे? इस शब्द का दो वाक्य बनाइए।
औंधी
किसको किस रूप में चित्रित किया गया है?
नीचे दिए उदाहरण पढ़िए-
(क) बनत बहुत बहु रीत।
(ख) जाल परे जल जात बहि।
- उपर्युक्त उदाहरणों की पहली पंक्ति में 'ब' का प्रयोग कई बार किया गया है और दूसरी में 'ज' का प्रयोग। इस प्रकार बार-बार एक ध्वनि के आने से भाषा की सुंदरता बढ़ जाती है। वाक्य रचना की इस विशेषता के अन्य उदाहरण खोजकर लिखिए।
बहुविकल्पी प्रश्न
पेड़ अपना फल स्वयं क्यों नहीं खाते हैं।
आँख में तिनका पड़ने के बाद घमंडी की क्या दशा हुई?
एक तिनका' कविता में घमंडी को उसकी 'समझ' ने चेतावनी दी-
ऐंठता तू किसलिए इतना रहा,
एक तिनका है बहुत तेरे लिए।इसी प्रकार की चेतावनी कबीर ने भी दी है-तिनका कबहूँ न निंदिए, पाँव तले जो होय|कबहूँ उड़ि आँखिन परै, पीर घनेरी होय||
• इन दोनों में क्या समानता है और क्या अंतर? लिखिए।
कवि छत की मुंडेर पर किस भाव में खड़ा था?
कवि की बेचैनी का क्या कारण था?
मीरा को सावन मनभावन क्यों लगने लगा ?
ग्वाल-बालों के हाथ में क्या वस्तु थी?
