English
Maharashtra State BoardSSC (English Medium) 10th Standard

निम्नलिखित विषयों में से किसी एक विषय पर 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए: यदि पुस्तकें न होती ........ - Hindi (Second/Third Language) [हिंदी (दूसरी/तीसरी भाषा)]

Advertisements
Advertisements

Question

निम्नलिखित विषयों में से किसी एक विषय पर 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

यदि पुस्तकें न होती........

Writing Skills
Advertisements

Solution

यदि पुस्तकें न होती......

पुस्तकें करती हैं बातें बीते जमाने की
दुनिया के आज और कल की
खुशी और गम की, जीत की, हार की
पुस्तकें हमें कुछ कहना चाहती हैं।

यदि ये पुस्तकें नहीं होती तो हम हमारे जीवन की सबसे अच्छी साथी खो देते। क्योंकि वे हमारी आस-पास की दुनिया को हमसे परिचित कराती हैं, सही और गलत के बीच निर्णय लेने में हमारी मदद करती हैं। अगर वे न होती तो हम हमारे आदर्श, मार्गदर्शक और संवकालिक शिक्षक को खो देते।

एक समय था जब न कागज थे न पुस्तक। गुरु मौखिक रूप से अपना ज्ञान अपने शिष्यों को देते थे। जनश्रुतियों के आधार पर शिक्षा का प्रसार होता था। परंतु पुस्तकें अर्थात्‌ लिखित ज्ञान उपलब्ध न होने के कारण कई प्रकार के वैदिक, शास्त्रिय, चिकित्सकीय ज्ञान का लोप होने लगा। उसी समय विचारवंतों ने ज्ञान को लिखित रूप में सुरक्षित रखने का रास्ता ढूँढ निकाला । तब भोजपत्र, ताम्रप्र, शिलालेख आदि के जरिए ज्ञान का प्रसार शुरू हुआ। इसके चलते एक पीढ़ी का ज्ञान दूसरी पीढ़ी की उन्नति में सहायक बनता गया धीरे-धीरे प्रगति होती गई और पुस्तकें पांडुलिपियों के जरिए उपलब्ध होने लगीं।

आज इनका स्वरूप पूरी तरह बदल गया है। प्रिंटिंग प्रेस में लाखों किताबें छपती हैं। इसके अलावा इनका अत्याधुनिक रूप ई-बुक्स भी हमारी पसंदीदा बनती जा रही हैं। इनकी सहायता से हम संस्कृति, सभ्यता और विचारों को मनुष्य-मनुष्य तक पहुँचा रहे हैं । अगर ये न होती तो हजारों वर्षो के संचित ज्ञान, शोध, अनुसंधान से हम अनभिज्ञ रह जातें। न हम विकसित हो पाते न आनें वाली पीढ़ी को उज्ज्वल भविष्य की सौगात दे पाते।

shaalaa.com
निबंध लेखन
  Is there an error in this question or solution?
2023-2024 (March) Official

APPEARS IN

RELATED QUESTIONS

मेरा देश भारत विषय पर 200 शब्दों का निबंध लिखिए।


'यदि मैं बादल होता......' विषय पर लगभग सौ शब्दों में निबंध लिखिए |


‘मेरा प्रिय कवि/लेखक’ विषय पर सौ शब्‍दों में निबंध लिखिए।


‘मेरी अविस्मरणीय सैर’ विषय पर अस्सी से सौ शब्दों में निबंध लिखिए।


‘जल है तो कल है’ विषय पर अस्‍सी से सौ शब्‍दों में निबंध लिखिए।


निम्नलिखित विषय पर लगभग ८० से १०० शब्दों में निबंध लिखिए:

मेरा भारत देश


निम्नलिखित विषय पर 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

मेरा प्रिय त्योहार


निम्नलिखित विषय पर लगभग 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

मैं सड़क बोल रही हूँ......


निम्नलिखित विषय पर लगभग 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’


निबंध लेखन -

एक बाढ़ पीड़ित की आत्मकथा


निम्नलिखित दिए गए शीर्षक पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए।

गरमी की पहली बारिश


निबंध लिखिए:

मेरे प्रिय साहित्यकार


नीचे दिए गए अप्रत्याशित विषय पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए।

लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका


नीचे दिए गए अप्रत्याशित विषय पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए।

झरोखे से बाहर


नीचे दिए गए अप्रत्याशित विषय पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए।

आज़ादी का अमृत महोत्सव: स्वर्णिम 75 साल


निबंध लिखिए -

आतंकवाद


निबंध लिखिए:

वृक्षारोपण


निबंध लिखिए -

यदि मैं प्रधानमंत्री होता।


निम्नलिखित विषय पर लगभग 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए।

ऑनलाइन या ई-लर्निंग और विद्यार्थी


निम्नलिखित विषय पर लगभग (80-100) शब्दों में निबंध लिखिए।

स्वच्छता


निम्नलिखित विषय पर 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए।

मेरा प्रिय खेल


निबंध लिखिए:

मोबाइल: श्राप या वरदान


निम्नलिखित विषय पर लगभग 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

फटी पुस्तक की आत्मकथा


रामवृक्ष बेनीपुरी द्‍वारा लिखित ‘गेंहूँ बनाम गुलाब’ निबंध पढ़िए और उसका आकलन कीजिए ।


‘यदि मैं शिक्षा मंत्री होता -----’ विषय पर लगभग सौ शब्‍दों में निबंध लिखिए।


मैं और डिजिटल दुनिया।


निम्नलिखित विषय पर 80 से 100 शब्दों में निबंध लिखिए:

वनों का महत्व


चौकटीत दिलेल्या घटकाचे आत्मकथन लिहा:


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×