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निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए − अविश्रांत बरसा करके भीआँखे तनिक नहीं रीतीं - Hindi Course - B

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Question

निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 
अविश्रांत बरसा करके भी
आँखे तनिक नहीं रीतीं

Short/Brief Note
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Solution

आँखें हमेशा रोती रहती हैं।  उनसे आँसू रूपी पानी बरसता रहता है। आँसू कभी समाप्त नहीं होते हैं। इन पंक्तियों में पिता के लगातार निरंतर रोने की दशा का वर्णन किया गया है।

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पद्य (Poetry) (Class 9 B)
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Chapter 10: सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह - प्रश्न अभ्यास [Page 96]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
Chapter 10 सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह
प्रश्न अभ्यास | Q 2.1 | Page 96

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_______________

 

 

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