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Question
लेखक ने फ़ादर बुल्के को 'मानवीय करुणा की दिव्य चमक' क्यों कहा है?
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Solution
लेखक ने फ़ादर बुल्के को ‘मानवीय करुणा की दिव्य चमक’ इसलिए कहा है क्योंकि उनके जीवन में प्रेम, करुणा और सेवा की भावना स्पष्ट रूप से दिखाई देती थी। वे अत्यंत दयालु, सहृदय और सादगीपूर्ण व्यक्ति थे। उन्होंने मानवता की सेवा को ही धर्म माना।
फ़ादर बुल्के ने अपने जीवन में मानवता के प्रति गहरी संवेदना दिखाई, उन्होंने दूसरों के दुख को अपना समझा, सबके प्रति स्नेह और सहानुभूति रखी, और अपनी सादगी तथा सच्चाई से लोगों के मन को छू लिया। उनकी निष्काम सेवा भावना और स्नेहिल स्वभाव से उनके जीवन में सचमुच मानवीय करुणा की दिव्य चमक झलकती थी।
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