English

कुब्जा और नीलकंठ के स्वभाव में अंतर स्पष्ट कीजिए।

Advertisements
Advertisements

Question

कुब्जा और नीलकंठ के स्वभाव में अंतर स्पष्ट कीजिए।

Short/Brief Note
Advertisements

Solution

कुब्जा के स्वभाव में रूखापन था। वह किसी को भी नीलकंठ के पास नहीं आने देना चाहती थी। यहाँ तक कि उसने राधा को भी उससे अलग कर दिया। इसके विपरीत नीलकंठ का स्वभाव सरल था उसका सभी के साथ मेल-जोल था। वह सभी जीव-जंतुओं में अपनी एक विशेष पहचान रखता था। राधा के साथ उसका आत्मीय संबंध था, जब कुब्जा ने राधा से दूर किया तो उसने अपने प्राण ही त्याग दिए।

shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 7)
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 15: नीलकंठ - अतिरिक्त प्रश्न

APPEARS IN

NCERT Hindi - Vasant Part 2 Class 7
Chapter 15 नीलकंठ
अतिरिक्त प्रश्न | Q 15

RELATED QUESTIONS

इस कविता तथा कवि का नाम लिखिए।


दादी माँ ने अपने वंश की अंतिम निशानी सोने का कंगन अपने बेटे को क्यों दिया?


लेखक के मन में नदियों के प्रति कैसे भाव थे?


रोहिणी के पति का क्या नाम था? रोहिणी ने उनसे किसे बुलाने के लिए और क्यों कहा?


धनराज का बचपन कैसा था?


रक्तकणों का निर्माण कहाँ होता है?


महाभारत के युद्ध में दोनों पक्षों को बहुत हानि पहुँची। इस युद्ध को ध्यान में रखते हुए युद्धों के कारणों और परिणामों के बारे में कुछ पंक्तियाँ लिखो। शुरूआत हम कर देते हैं -

(1) युद्ध में दोनों पक्षों के असंख्य सैनिक मारे जाते हैं।

(2) ____________

(3) ____________

(4) ____________

(5) ____________

(6) ____________


सही शब्द भरो।

पुस्तकालय के तीन विभागों को जलाकर ______ कर दिया गया।


काबुलीवाला हमेशा पैसे क्यों लौटा देता था?


मान लो तुम मिनी हो। अब अपनी कहानी पूरी कक्षा में सुनाओ।


सुधा पूरे भारत में कैसे लोकप्रिय हो गई?


फेरीवालों की दिनचर्या कैसी होती होगी? उनका घर-परिवार कहाँ होगा? उनकी जिंदगी में किस प्रकार की समस्याएँ और उतार-चढ़ाव आते होंगे? यह जानने के लिए दो-दो के समूह में छात्र-छात्राएँ कुछ प्रश्न तैयार करें और फेरीवालों से बातचीत करें। प्रत्येक समूह अलग-अलग व्यवसाय से जुड़े फेरीवाले से बात करें।


आपकी गलियों में कई अजनबी फेरीवाले आते होंगे। आप उनके बारे में क्या-क्या जानते हैं? अगली बार जब आपकी गली में कोई फेरीवाला आए तो उससे बातचीत कर जानने की कोशिश कीजिए।


'माँ मेरी बाट देखती होगी'-नन्ही चिड़िया बार-बार इसी बात को कहती है। आप अपने अनुभव के आधार पर बताइए कि हमारी जिंदगी में माँ का क्या महत्त्व है?


पाठ में तैंने, छनभर, खुश करियो-तीन वाक्यांश ऐसे हैं जो खड़ीबोली हिंदी के वर्तमान रूप में तूने, क्षणभर, खुश करना लिखे-बोले जाते हैं लेकिन हिंदी के निकट की बोलियों में कहीं-कहीं इनके प्रयोग होते हैं। इस तरह के कुछ अन्य शब्दों की खोज कीजिए।


माधवदास ने किसका निर्माण करवाया था?


छौंक, चावल, कढ़ी इन शब्दों में क्या अंतर है? समझाइए। इन्हें बनाने के तरीके विभिन्न प्रांतों में अलग-अलग हैं। पता करें कि आपके प्रांत में इन्हें कैसे बनाया जाता है।


मान लीजिए कि आपके घर कोई मेहमान आ रहे हैं जो आपके प्रांत का पारंपरिक भोजन करना चाहते हैं। उन्हें खिलाने के लिए घर के लोगों की मदद से एक व्यंजन सूची ( मेन्यू) बनाइए।


स्थानीय व्यंजनों का पुनरुद्धार क्यों ज़रूरी है?


बहुविकल्पी प्रश्न

कुँवर सिंह का जन्म-बिहार राज्य के किस जनपद में हुआ।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×