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कार्ल मार्क्स का द्वंद्व सिद्धांत अथवा वर्गवाद स्पष्ट कीजिए। - History and Political Science [इतिहास और राजनीति विज्ञान]

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Question

कार्ल मार्क्स का द्वंद्व सिद्धांत अथवा वर्गवाद स्पष्ट कीजिए।

Explain
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Solution

उन्नीसवीं शताब्दी के उत्तरार्ध में जर्मनी के कार्ल मार्क्स ने द्वंद्व सिद्धांत प्रतिपादित किया। उसके मतानुसार -

  1. इतिहास अमूर्त कल्पनाओं का नहीं, बल्कि जीवित मनुष्यों का होता है।
  2. मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु उपलब्ध उत्पादन साधनों के स्वरूप और स्वामित्व पर मनुष्यों के आपसी संबंध निर्भर करते हैं।
  3. समाज के सभी सदस्यों को समान मात्रा में उत्पादन के साधन प्राप्त नहीं होते। उत्पादन संसाधनों के असमान वितरण के कारण समाज में वर्ग आधारित विषम विभाजन उत्पन्न होता है, जिससे वर्ग संघर्ष शुरू होता है।
  4. उत्पादन साधनों पर अधिकार रखने वाला वर्ग अन्य वर्गों का आर्थिक शोषण करता है।
    मानव इतिहास, वास्तव में, वर्ग संघर्ष का इतिहास है।
shaalaa.com
महत्त्वपूर्ण विचारक
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Chapter 1.1: इतिहास लेखन : पश्चिमी परंपरा - स्वाध्याय [Page 6]

APPEARS IN

Balbharati Itihas aur rajneeti vigyan [Hindi] Standard 10 Maharashtra State Board
Chapter 1.1 इतिहास लेखन : पश्चिमी परंपरा
स्वाध्याय | Q ५. (१) | Page 6

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