English
Maharashtra State BoardSSC (English Medium) 9th Standard

दिए गए शब्दों की सहायता से कहानी लेखन कीजिए। उसे उचित शीर्षक देकर प्राप्त होने वाली सीख भी लिखिए: अकाल, तालाब, जनसहायता, परिणाम

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Question

दिए गए शब्दों की सहायता से कहानी लेखन कीजिए। उसे उचित शीर्षक देकर प्राप्त होने वाली सीख भी लिखिए:

अकाल, तालाब, जनसहायता, परिणाम

Writing Skills
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Solution

अकाल के दौरान तालाबों का महत्त्व

     रामपुर एक समृद्ध गांव था जहां के लोगों की मेहनत से खेत हमेशा फलते-फूलते थे। मगर एक साल ऐसा आया, जब आसमान के बादल रूठ गए। बिना वर्षा के फसलें सूख गईं और धरती पानी के लिए तरसने लगी। भयंकर सूखा पड़ा। वन्य और पालतू जानवर पानी और चारे की कमी से मरने लगे। गांव के लोगों की स्थिति भी बिगड़ने लगी। वे कुछ दिन तो जैसे-तैसे गुजारे पेट की आग और गले की प्यास के चलते उन्हें भी मौत नजदीक दिखाई देने लगी।

     सभी गाँववालों ने मिलकर इस कठिन समय का मुकाबला करने का निश्चय किया। अगले दिन, गाँव के लोग वट वृक्ष के नीचे एकत्र हुए। सभी पानी की कमी व अनाज की स्थिति पर चर्चा कर रहे थे। इसी दौरान एक बुजुर्ग ने बताया कि, ''कुछ मील दूर माणिकपुर गाँव में भी सूखा पड़ा है, पर वहाँ के निवासी हमारी तरह परेशान नहीं हैं और उनके पास पर्याप्त पानी वे अपने मवेशियों का भी सही तरीके से पालन-पोषण कर रहे हैं।'' यह बात गाँव के सभी लोगों को रहस्यात्मक लगी। यह जानकार सभी गाँववाले हैरान रह गए। एक युवक ने पूछा कि,’ऐसे सूखे में उन्हें पानी कैसे मिल रहा है?' इस पर बुजुर्ग ने सुझाव दिया कि इसका जवाब माणिकपुर के मुखिया ही दे सकते हैं और उनसे मदद माँगने की जरूरत है।

       बुजुर्ग की सलाह पर सभी गाँववालों ने सहमति जताई। एक समूह ने बुजुर्ग के नेतृत्व में माणिकपुर गाँव के मुखिया से मदद मांगने का निर्णय लिया। वहां पहुंचने पर, रामपुर के प्रतिनिधियों ने मुखिया से पूछा, तो उन्होंने बताया कि उनके गाँव में कई बड़े-बड़े तालाब हैं। इनका निर्माण गाँववालों की दूरदृष्टि की ही देन है। इन तालाबों में वर्षा के समय भरपूर मात्रा में पानी इकट्ठा हो जाता है। गत वर्ष हुई वर्षा का पानी इन तालाबों में एकत्रित था, जिसका उपयोग वे इस वर्ष सूखे में कर रहे हैं। माणिकपुर के मुखिया ने रामपुर के लोगों को भी ऐसे तालाब बनाने की सलाह दी। इसके साथ ही सूखे के दौरान उन्हें पीने के लिए पानी मुहैया कराने और तालाब निर्माण में जरूरी सामग्री उपलब्ध कराने का आश्वासन भी दिया।

      रामपुर के निवासी तालाबों के महत्व को समझ गए थे। गाँव के सभी लोगों ने एकजुट होकर तालाब खोदने का कार्य शुरू किया। जनसहायता के ज़रिए कुछ ही महीनों में उन्होंने गाँव के आसपास चार बड़े तालाब बना लिए। वक्त बीतता गया और फिर से वर्षा ऋतु आई। इस बार रामपुर की धरती की प्यास शांत हुई और नए तालाब पानी से भर गए। इन तालाबों के निर्माण का परिणाम यह रहा कि भले ही कई वर्षों तक फिर वर्षा न हुई, पर रामपुर में अकाल की समस्या नहीं उत्पन्न हुई।

सीख: दूरदृष्टि व परस्पर सहयोग से हर संकट का समाधान किया जा सकता है।

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कहानी लेखन
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Chapter 2.02: जंगल (पूरक पठन) - पाठ के आँगन में [Page 46]

APPEARS IN

Balbharati Hindi Lokbharati [English] Standard 9 Maharashtra State Board
Chapter 2.02 जंगल (पूरक पठन)
पाठ के आँगन में | Q (३) | Page 46

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निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर कहानी लिखिए तथा उसे उचित शीर्षक देकर उससे प्राप्त होने वाली सीख भी लिखिए:

एक लड़की ______ विद्‌यालय में देरी से पहुँचना ______ शिक्षक द्‌वारा डाँटना ______ लड़की का मौन रहना ______ दूसरे दिन समाचार पढ़ना ______ लड़की को गौरवान्वित करना।


मुद्दों के आधार पर कहानी लेखन कीजिए:

घना जंगल - विशाल और घने वृक्षों पर पंछियों का बसेरा - रोज पंछियों का बच्चों के लिए दाना चुगने उड़ जाना - हर बार जाते समय बच्चों को समझाना - फॅंसना नहीं, बहेलिया आएगा, जाल बिछाएगा, बच्चों द्वारा इसे केवल रटना - रटते-रटते एक दिन पेड़ से नीचे उतरना - दाने देखकर खुश होना - माँ की सीख याद आना - चौकन्ना हाेना - सावधान होकर उड़ जाना - बहेलिए का पछताना - शीर्षक। 


‘जैसी करनी वैसी भरनी’ इस कहावत के आधार पर कहानी लिखिए।


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर लगभग ७० से ८० शब्दों में कहानी लिखकर उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:

एक गाँव – पीने के पानी की समस्या – दूर-दूर से पानी लाना – सभी लोग परेशान – सभा का आयोजन – मिलकर श्रमदान का निर्णय – दूसरे दिन से – केवल एक आदमी – काम में जुटना – धीरे-धीरे एक-एक का आना – सारा गाँव श्रमदान में – गाँव के तालाब की सफाई – कीचड़, प्लास्टिक निकालना – बरसात में तालाब का स्वच्छ पानी से भरना।


निम्नलिखित विषय पर लगभग 120 शब्दों में लघुकथा लिखिए।

परोपकार का परिणाम


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 60 से 70 शब्दों में कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:

एक मजदूर - दिन भर श्रम करना - बनिया की दुकान से रोज चावल खरीदना - बनिया द्वारा बचत की सलाह - मजदूर की उपेक्षा करना - बनिया द्वारा मजदूर के चावलों में से थोड़ा-थोड़ा चावल अलग करना - पंद्रह दिन बाद मजदूर के हाथ में दो किलो चावल - मजदूर आश्चर्यचकित - बनिया का बचत की बात बताना - मजदूर को बचत काँ महत्त्व समझना - सीख।


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 70 से 80 शब्दों में कहानी लिखकर उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:

मोहन और माता-पिता – सुखी परिवार – मोहन हमेशा मोबाइल पर – कान में इयरफोन – माता-पिता का मना करना – मोहन का ध्यान न देना – सड़क पार करना – कान में इयरफोन – दुर्घटना – सीख।


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर लगभग 60 से 70 शब्दों में कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए:

एक लड़की - घर में दादी के साथ अकेली - अचानक दादी की तबियत बिगड़ना - समय सूचकता दिखाना - डॉक्टर का आना - दादी की जान बचना - प्रशंसा पाना।


कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए:

मनोज का रिक्शा से मंडी जाना - जल्दबाजी में बदुआ रिक्शे में भूलना - थोड़ी सब्जी लेकर घर लौटना - तनाव में - रात नौ बजेदरवाजे पर रिक्शेवाले की दस्तक - पता ढूँढ़ते घर आना और बटुआ लौटाना - शीर्षक।

निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 60 से 70 शब्दों में लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए।

रामू - लालच - गिरफ्तार - हवालात - जेल - सुधार - परोपकार - शीर्षक।

निम्नलिखित विषय पर लगभग 120 शब्दों में लघुकथा लिखिए।

पेंटिंग-के अच्छे दाम पाकर वह बहुत खुश था। दिमाग में तरह-तरह की योजनाएँ चल रही थी ............


निम्नलिखित विषय पर लगभग 120 शब्दों में लघुकथा लिखिए।

देखते ही देखते ओले बरसने लगे। टेनिस बॉल जैसे बड़े-बड़े। पहले कभी नहीं देखे ऐसे ओले ........


निम्नलिखित विषय पर लगभग 120 शब्दों में लघुकथा लिखिए।

परीक्षा के दौरान मेरी प्रिय सखी बार-बार सहायता माँग रही थी लेकिन मैंने मदद नहीं की तो वह ...........


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर लगभग 70 से 80 शब्दों में कहानी लिखिए-

'एक गाँव ---- कुदिया बनाकर ---- वह जब भी नाचता ---- गाँव के लोगों को ---- तो वे नदी किनारे ---- जब वे नाचने लगते ----। 
कुछ दिन बाद ---- किसी साधु के नाचने ----। शहरी पढ़ाई-लिखाई ---- चुनौती दे दी ----। यदि-हमारे ---- तो साधु के नाचने ----। वह तुम ---- रहा है। फिर क्या था ---- लड़कों ने ----।


कहानी लेखन-

निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 70 से 80 शब्दों में कहानी लिखकर उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए-

एक आदमी ---- भगवान ---- वरदान दिया ---- जन्म लिया। छोटा ---- हवा का झोंका ---- रात ---- तारे अच्छे लगते ---- बातें ---- दोनों की दोस्ती ---- फलदाब पेड़ ---- फल ---- तारे को भेजा, ---- प्रसल हुआ ---- खुश रहने लगे ---- मित्रता इसी प्रकार निभानी चाहिए।


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर लगभग 70 से 80 शब्दों में कहानी लिखिए-

राजा ______ बलशाली ______ दुश्मनी ______ राज्य हड़पना ______ सेना ______ गुप्तचर ______ आक्रमण क्रिया ______ विजय ______ भरोसा।


'रमेश बाबू ने बड़े ही मन से पुत्र के लिए मोबाइल खरीदा।' पंक्ति को आधार बनाकर लगभग 100 शब्दों में एक लघु कथा लिखिए।


निम्‍न शब्‍दों का उपयोग करते हुए कहानी लेखन कीजिए:

मोमबत्‍ती, कागज, बूँदें, नारियल का वृक्ष


निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर कहानी लिखिए तथा उसे उचित शीर्षक देकर उससे प्राप्त होने वाली सीख भी लिखिए:

एक लड़का ______ रोज निश्चित समय पर घर से निकलना ______ वृद्धाश्रम में जाना ______ माँ का परेशान होना ______ सच्चाई का पता चलना गर्व महसूस होना।


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वसुधैव कुटुंबकम


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सुवचन पर आधारित कहानी लेखन कीजिए।

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मुद्दों के आधार पर कहानी लेखन:

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पूछताछ में पुलिस अधिकारी का सच्चाई जानना समुपदेशन कर उचित सलाह देना रिहा होकर युवक का पुरानी संगति छोड़कर छोटा-मोटा व्यवसाय शुरू करना
धीरे-धीरे बड़ा व्यवसायी बनना अपने जैसे युवकों काे नौकरी देना शीर्षक

निम्नलिखित मुद्दों के आधार पर 70 से 80 शब्दों में कहानी लिखकर उसे उचित शीर्षक दीजिए तथा सीख लिखिए :

एक शरारती लड़का - पढ़ाई की ओर ध्यान नहीं - माता-पिता, गुरुजनों का समझाना - कोई असर नहीं - परीक्षा में अनुत्तीर्ण - माता-पिता का फटकारना - घर छोड़ना - निराश होकर पहाड़ी मंदिर में पहुँचना -दीवार पर एक चींटी को दाना पकड़कर चढ़ते हुए देखना - कई बार गिरकर चढ़ना, चढ़कर गिरना - हिम्मत न हारना - आखिर चढ़ने में सफल - प्रेरणा पाना - उत्साह बढ़ना - घर आकर पढ़ाई में जुट जाना -आगे चलकर बड़ा विद्वान बनना।


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