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प्रश्न

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उत्तर
वाणी शुद्ध, सरल, मधुर, उचित, प्रभावी होनी चाहिए।
संबंधित प्रश्न
रचना के आधार पर विभिन्न प्रकार के तीन-तीन वाक्य पाठों से ढूँढ़कर लिखो।
प्राचीन काल से आज तक प्रचलित संदेश वहन के साधनों की सचित्र सूची तैयार करो।
मैंने समझा लकड़हारा और वन पाठ से
गाँव संबंधी सरकारी योजनाओं की जानकारी पढ़ो और मुख्य बातें सुनाओ।
मैंने समझा दाे लघुकथाएँ पाठ से
यदि तुम सैनिक होते तो .....
अपने चित्र के बारे में बोलो।

दिए गए चित्रों के आधार पर उचित और आकर्षक विज्ञापन तैयार करो।

।। गागर में सागर भरना ।।
अपने परिवार का वंश वृक्ष तैयार करो और रिश्ते-नातों के नाम लिखो।
मीरा का पद पढ़ो और सरल अर्थ बताओ।
यदि समय का चक्र रुक जाए तो ......
अक्षर समूह में से खिलाड़ियों के नाम बताओ और लिखो।
| इ | ह | ना | सा | ल | वा | ने | |
| ध्या | द | चं | न | ||||
| व | शा | ध | जा | बा | खा | ||
| ह | ल्खा | सिं | मि | ||||
| म | री | काॅ | मे | ||||
| नि | मि | सा | र्जा | या | |||
| न | र | स | ल | डु | तें | क | चि |
यदि खनिज तेल का खजाना समाप्त हो जाए तो...
विलुप्त होते हुए प्राणियों तथा पक्षियों की जानकारी प्राप्त करके सूची बनाओ।
उपन्यास सम्राट प्रेमचंद की कोई एक कहानी पढ़ो। उसका विषय बताओ।
यदि हिमालय की बर्फ पिघलना बंद हो जाए तो .....
एक महीने की दिनदर्शिका बनाओ और विशेष दिन बताओ।
अपनी कक्षा द्वारा की गई किसी क्षेत्रभेंट का वर्णन लिखिए।
निम्नलिखित परिच्छेद पढ़कर इसपर आधारित ऐसे चार प्रश्न तैयार कीजिए. जिनके उत्तर एक-एक वाक्य में हों:
| “कोई काम छोटा नहीं। कोई काम गंदा नहीं। कोई भी काम नीचा नहीं। कोई काम असंभव भी नहीं कि व्यक्ति ठान ले और ईश्वर उसकी मदद न करे। शर्त यही है कि वह काम, काम का हो। किसी भी काम के लिए 'असंभव', 'गंदा' या 'नीचा' शब्द मेरे शब्दकोश में नहीं है।'' ऐसी वाणी बोलने वाली मदर टेरेसा को कोढ़ियों की सेवा करते देखकर एक बार एक अमेरिकी महिला ने कहा, “मैं यह कभी नहीं करती।'' मदर टेरेसा के उपरोक्त संक्षिप्त उत्तर से वह महिला शर्म से सिकुड़ गई थी। सचमुच ऐसे कार्य का मूल्य क्या धन से आँका जा सकता है या पैसे देकर किसी की लगन खरीदी जा सकती है ? यह काम तो वही कर सकता है, जो ईश्वरीय आदेश समझकर अपनी लगन इस ओर लगाए हो। जो गरीबों, वंचितों, जरूरतमंदों में ईश्वरीय उपासना का मार्ग देखता हो और दुखी मानवता में उसके दर्शन करता हो। ईसा, गांधी, टेरेसा जैसे परदुखकातर, निर्मल हृदयवाले लोग ही कोढ़ियों और मरणासन्न बीमारों की सेवा कर सकते हैं और 'निर्मल हृदय' जैसी संस्थाओं की स्थापना करते हैं। |
