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पाठ के आधार पर तुलसी के भाषा सौंदर्य पर दस पंक्तियाँ लिखिए।

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प्रश्न

पाठ के आधार पर तुलसी के भाषा सौंदर्य पर दस पंक्तियाँ लिखिए।

विस्तार में उत्तर
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उत्तर

  1. तुलसीदास द्वारा लिखित रामचरितमानस अवधी भाषा में लिखी गई है।
  2. यह काव्यांश रामचरितमानस के बालकांड से लिया गया है।
  3. इसमें अवधी भाषा का शुद्ध रुप में प्रयोग देखने को मिलता है। तुलसीदास ने इसमें दोहा, छंद, चौपाई का बहुत ही सुंदर प्रयोग किया है। जिसके कारण काव्य के सौंदर्य तथा आनंद में वृद्धि हुई है और भाषा में लयबद्धता बनी हुई है।
  4. तुलसीदास जी ने अलंकारों के सटीक प्रयोग से इसकी भाषा को और भी सुंदर व संगीतात्मक बना दिया है।
  5. भावानुकूल शब्द-चयन से रस-निर्माण सहज हो रहा है।
  6. चित्रात्मकता और प्रसाद-गुण से मन पर सीधा प्रभाव पड़ रहा है।
  7. संवाद, वर्णन और उपमा, सभी में भाषा प्रभावी और जीवंत है।
  8. इसकी भाषा में अनुप्रास अलंकार, रुपक अलंकार, उत्प्रेक्षा अलंकार, व पुनरुक्ति अलंकार की अधिकता मिलती है।
  9. इस काव्यांश में भाषा में व्यंग्यात्मकता का सुंदर संयोजन हुआ है।
  10. कुल मिलाकर उनकी भाषा जन-जीवन से जुड़ी, सरस और काव्य-सौंदर्य से पूर्ण है।
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राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद
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अध्याय 2: तुलसीदास - राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ १४]

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एनसीईआरटी Hindi Kshitij Bhag 2 Class 10
अध्याय 2 तुलसीदास - राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद
प्रश्न-अभ्यास | Q 8. | पृष्ठ १४

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