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यदि प्रवेश के समय ख्याति, फर्म की पुस्तकों के विद्यमान हो और नया साझेदार अपने लाभ में भाग के लिए नकद ख्याति लेकर आता है तो विद्यमान ख्याति हेतु लेखांकन व्यवहार क्या होगा? - Accountancy (लेखाशास्त्र)

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Question

यदि प्रवेश के समय ख्याति, फर्म की पुस्तकों के विद्यमान हो और नया साझेदार अपने लाभ में भाग के लिए नकद ख्याति लेकर आता है तो विद्यमान ख्याति हेतु लेखांकन व्यवहार क्या होगा?

Answer in Brief
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Solution

यदि पुरानी फर्म (नए साझेदार के प्रवेश से पहले) की पुस्तकों में सद्भावना पहले से ही दिखाई देती है, तो इसे पुराने साझेदारों के बीच उनके पुराने लाभ बंटवारे के अनुपात में लिखा जाना चाहिए।

रोजनामचा प्रविष्टि के रूप में दर्ज किया जाएगा:

पुराने साथी की पूँजी खाता   ...(नाम)
ख्याति खाता
(पुराने साझेदारों के बीच अपने पुराने
अनुपात में ख्याति लिखा होना)
shaalaa.com
ख्याति
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RELATED QUESTIONS

ख्याति क्या है?


ख्याति को प्रभावित करने वाले तत्त्व कौन से हैं।


ख्याति के मूल्यांकन की विधियों की व्याख्या करें।


यदि समस्त साझेदारों के मध्य यह समझोता होता है कि प्रत्येक साझेदार की पूँजी नए लाभ विभाजन अनुपात के अनुसार निर्धारित की जाएगी तो आप सभी साझेदारों की नयी पूँजी कैसे निकलेंगें।


विस्तारपूर्वक बताएँ कि ख्याति का लेखांकन व्यवहार किस प्रकार होगा यदि नया साझेदार ख्याति में अपना भाग नकद लाने में असमर्थ है।


साझेदार के प्रवेश के समय ख्याति के लेखांकन व्यवहार की विभिन्न विधियों को विस्तारपूर्वक बताएँ।


31 मार्च 2017 को राम और भारत की पुस्तकें 5,00,000 रुपये फर्म की पूँजी को दर्शाती हैं और गत 5 वर्षों का लाभ क्रमशः 40,000 रुपये 50,000 रुपये, 70,000 रूपये और 25,000 रुपये है ख्याति के मूल्य की गणना गत 5 वर्षों के औसत अधिलामों के 3 वर्ष के क्रय के आधार पर यह मानते हुए करें कि सामान्य प्रतिफल दर 10% है।


राजन और रजनी फर्म में साझेदार है। उनकी पूँजी राजन 3,00,000 रुपये और रजनी 2,00,000 रुपये है। वर्ष 2015-16 के दौरान पूँजीगत विधि से ख्याति की गणना यह मानते हुए करें कि सामान्य प्रत्याय दर 20% है जबकि वास्तविक औसत लाभ 1,50,000 रु. है।


गत कुछ वर्षों के दौरान व्यापार ने 1,00,000 रुपये औसत लाभ अर्जित किया। ख्याति के रूप की गणना पूँजी करण विधि द्वारा करें यदि व्यवसाय की परिसंपत्तियाँ 10,00,000 रुपये और बाध्य दायित्व 1,80,000 रुपये हैं। सामान्य प्रतिफल दर 10% है।


वर्मा और शर्मा एक फर्म में साझेदार हैं लाभ और हानि का विभाजन 5: 3 के अनुपात में करते हैं। वे घोष को 1/5 भाग के लाभों के लिए साझेदार बनाते हैं। घोष पूँजी के रूप में 20,000 रुपये और अपने भाग की ख्याति के लिये 4,000 रुपये लाता है। आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ करें।

(अ) जब ख्याति की राशि का व्यवसाय में रखा जाएगा।

(ब) जब ख्याति की पूर्ण राशि को निकाला जाए।

(स) जब ख्याति की राशि का 50% निकाला जाए।

(द) जब ख्याति का भुगतान निजी रूप से कर दिया जाए।


राजेश और मुकेश बराबर के साझेदार हैं। वे फर्म में हरी को प्रवेश देते हैं तथा राजेश, मुकेश और हरी के मध्य नया लाभ विभाजन अनुपात 4 : 3 : 2 है। हरी के प्रवेश पर ख्याति की गणना 36,000 रुपये पर की गई है। हरी ख्याति में अपना भाग लाने में असमर्थ है। राजेश, मुकेश और हरी ख्याति तुलन पत्र में न दर्शाने पर सहमत हैं। हरी के प्रवेश पर आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ द्रें।


अमर और अकबर फर्म में बराबर के साझेदार हैं। एंथोनी नए साझेदार के रूप में प्रवेश करता है तथा नया लाभ विभाजन अनुपात 4: 3: 2 है। ऐंथोनी ख्याति में अपना भाग, जोकि 45,000 रुपये है, लाने में असमर्थ है। ख्याति खाता खोले बगैर ख्याति के समायोजन का निर्णय लिया गया है। ख्याति के व्यवहार हेतु आवश्यक रोजनामचा प्रविष्टि दें।


अमर और अकबर फर्म में बराबर के साझेदार हैं। एंथोनी नए साझेदार के रूप में प्रवेश करता है तथा नया लाभ विभाजन अनुपात 4: 3: 2 है। ऐंथोनी ख्याति में अपना भाग, जोकि 45,000 रुपये है, लाने में असमर्थ है। ख्याति खाता खोले बगैर ख्याति के समायोजन का निर्णय लिया गया है। ख्याति के व्यवहार हेतु आवश्यक रोजनामचा प्रविष्टि दें।


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