English

तीसरे मकान से बाहर निकलकर जमाल साहब ने नसीरुद्दीन से क्या कहा होगा?

Advertisements
Advertisements

Question

तीसरे मकान से बाहर निकलकर जमाल साहब ने नसीरुद्दीन से क्या कहा होगा?

One Line Answer
Advertisements

Solution

अब मुझे तुम्हारे साथ कहीं नहीं जाना है। मुझे वापस ले चलो।

shaalaa.com
दोस्त की पोशाक
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 5: दोस्त की पोशाक - दोस्त की पोशाक [Page 38]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Rimjhim Class 4
Chapter 5 दोस्त की पोशाक
दोस्त की पोशाक | Q (क) | Page 38

RELATED QUESTIONS

कहानी के बारे में कोई पाँच प्रश्न बनाकर नीचे दी गई जगह में लिखो। कॉपी में उनके उत्तर लिखो।

  • __________________
  • __________________
  • __________________
  • __________________
  • __________________

नसीरुद्दीन और जमाल साहब बनठन कर घूमने के लिए निकले।

तुम किस-किस तरह से बनते-ठनते हो?


जमाल साहब अपने मामूली से कपड़ों में घूमने क्यों नहीं जाना चाहते होंगे?


जब जमाल साहब और नसीरुद्दीन हुसैन साहब के घर से बाहर निकले तो उन्होंने अपनी बेगम को नसीरुद्दीन और जमाल साहब से मुलाकात का किस्सा सुनाया। उन दोनों के बीच में क्या बातचीत हुई होगी? लिखकर बताओ।

बेगम – कौन आया था?

हुसैन साहब – नसीरुद्दीन अपने दोस्त के साथ आया था।

बेगम – __________________


नसीरुद्दीन ने कहा, “चलो दोस्त, मोहल्ले में घूम आएँ।”

जब नसीरुद्दीन अपने दोस्त से मिले, वे उसे अपना मोहल्ला दिखाने ले गए।

जब तुम अपने दोस्तों से मिलते हो, तब क्या-क्या करते हो?


नीचे कुछ वाक्य लिखे हैं। तुम्हें इनका अभिनय करना है। तुम चाहो तो कहानी में देख सकते हो कि इन कामों का ज़िक्र कहाँ आया है।

  • बनठन कर घूमने के लिए निकलना।
  • घड़ों पानी पड़ना।
  • मुँह बनाकर शिकायत करना।
  • गर्मजोशी से स्वागत करना।
  • नाराज़ होना।
  • देखते ही रह जाना।

नसीरुद्दीन की बात सुनकर जमाल साहब पर तो मानो घड़ों पानी पड़ गया।

घड़ों पानी पड़ना एक मुहावरा है। इसका क्या मतलब हो सकता है? पता लगाओ। तुम इसका मतलब पता करने के लिए अपने साथियों या बड़ों से बातचीत कर सकते हो या शब्दकोश देख सकते हो।


घड़ों पानी पड़ना इस मुहावरों को सुनकर मन में एक चित्र सा बनता है। तुम भी किन्हीं दो मुहावरों के बारे में चित्र बनाओ। कुछ मुहावरे हम दे देते हैं। तुम चाहो तो इनमें से कोई पसंद कर सकते हो-

  • सिर मुंडाते ही ओले पड़ना
  • ऊँट के मुँह में जीरा
  • दीया तले अँधेरा
  • ईद का चाँद

झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

घड़ा - गढ़ा


झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

घूम - झूम


झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

राज - राज़


झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

फ़न - फन


झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

सजा - सज़ा


झूठा – जूठा

इन शब्दों को बोलकर देखो। ये मिलती-जुलती आवाज़ वाले शब्द हैं। ज़रा से अंतर से भी शब्द का अर्थ बदल जाती है।

नीचे इसी तरह का कुछ शब्द का जोड़ा दिया गया हैं। इसका अर्थ अलग हैं। इस शब्द का वाक्य में प्रयोग करो।

खोल - खौल 


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×