English

सुखिया के पिता को मंदिर में देखकर भक्तों ने क्या-क्या कहना शुरू कर दिया? - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

Question

सुखिया के पिता को मंदिर में देखकर भक्तों ने क्या-क्या कहना शुरू कर दिया?

Short/Brief Note
Advertisements

Solution

अपनी बेटी की इच्छा को पूरी करने के लिए देवी को प्रसाद स्वरूप फूल लेने सुखिया के पिता को मंदिर में देखकर भक्तों ने कहा कि इस अछूत ने मंदिर में घुसकर भारी पाप कर दिया है। उसने मंदिर की चिरकालिक पवित्रता को नष्ट कर दिया है।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 B)
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 10: सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह - अतिरिक्त प्रश्न

APPEARS IN

NCERT Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
Chapter 10 सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह
अतिरिक्त प्रश्न | Q 15

RELATED QUESTIONS

निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए:
“वसंत का गया पतझड़’ और ‘बैसाख का गया भादों को लौटा’ से क्या अभिप्राय है?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए 
तू न थमेगा कभी
तू न मुड़ेगा कभी


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
मनुष्य को प्रकृति किस रूप में आंदोलित करती है? अपने शब्दों में लिखिए।


गीत-अगीत कविता का शिल्प सौंदर्य स्पष्ट कीजिए।


बीमार बच्ची ने क्या इच्छा प्रकट की?


निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 

बुझी पड़ी थी चिता वहाँ पर
छाती धधक उठी मेरी


निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए 
हाय! वही चुपचाप पड़ी थी
अटल शांति-सी धारण कर


‘एक फूल की चाह’ एक कथात्मक कविता है। इसकी कहानी को संक्षेप में लिखिए।


पिता सुखिया को कहाँ जाने से रोकता था और क्यों?


मंदिर की भव्यता और सौंदर्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।


सुखिया के पिता के अनुसार, भक्तगण देवी की गरिमा को किस तरह चोट पहुँचा रहे थे?


'आदमी नामा' शीर्षक कविता के इन अंशो को पढ़कर आपके मन में मनुष्य के प्रति क्या धारणा बनती है?


नीचे लिखे शब्दों का उच्चारण कीजिए और समझिए कि किस प्रकार नुक्ते के कारण उनमें अर्थ परिवर्तन आ गया है।

राज़ (रहस्य)

फ़न (कौशल)

राज (शासन)

फन (साँप का मुहँ)

ज़रा (थोड़ा)

फ़लक (आकाश)

जरा (बुढ़ापा)

फलक (लकड़ी का तख्ता)

ज़ फ़ से युक्त दो-दो शब्दों को और लिखिए।


‘आदमी नामा’ कविता का मूल कथ्य/प्रतिपाद्य स्पष्ट कीजिए।


‘सुनके दौड़ता है सो है वो भी आदमी’ के माध्यम से नज्मकार ने क्या कहना चाहा है?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
सुनि अठिलैहैं लोग सब, बाँटि न लैहैं कोय।


रहीम का मानना है कि व्यक्ति को अपनी पीड़ा छिपाकर रखनी चाहिए, ऐसा क्यों?


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए:

ऐसी लाल तुझ बिनु कउनु करै


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
नीचहु ऊच करै मेरा गोबिंदु काहू ते न डरै


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×