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Question
'स्त्रियों को पढ़ाने से अनर्थ होते हैं' - कुतर्कवादियों की इस दलील का खंडन द्विवेदी जी ने कैसे किया है, अपने शब्दों में लिखिए।
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Solution
स्त्रियों की शिक्षा से अनर्थ होने की बात पर द्विवेदी जी ने इसका विरोध किया है। उन्होंने स्त्री शिक्षा को समाज की उन्नति के लिए आवश्यक माना है। उन्होंने यह भी तर्क दिया कि यदि स्त्री शिक्षा से अनर्थ होता है तो पुरुषों द्वारा किए गए अनर्थ भी उसी शिक्षा के परिणाम होने चाहिए। जैसे - चोरी करना, डाका डालना, हत्या करना, घूस लेना आदि। ये सभी गलत काम का कारण शिक्षा नहीं है बल्कि ये मानव प्रकृति पर आधारित हैं। अत: हमें स्त्री शिक्षा का समर्थन करना चाहिए।
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द्विवेदी जी ने स्त्री-शिक्षा विरोघी कुतर्कों का खंडन करने के लिए व्यंग्य का सहारा लिया है - जैसे 'यह सब पापी पढ़ने का अपराध है। न वे पढ़तीं, न वे पूजनीय पुरूषों का मुकाबला करतीं।' आप ऐसे अन्य अंशों को निबंध में से छाँटकर समझिए और लिखिए।
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