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Question
निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:
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सोहत है चँदवा सिर मोर को, तैसिय सुंदर पाग कसी है। सेस, गनेस, महेस, दिनेस, सुरेसहु जाहि निरंतर गावैं। |
(1) संजाल पूर्ण कीजिए: (2)

(2) प्रथम दो पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए। (2)
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Solution
(1)

(2) श्रीकृष्ण के सिर पर चंद्रमा के समान सुंदर मोर मुकुट शोभायमान है। उनके चरण कमल की तरह सुंदर और आकर्षक हैं। उनके ललाट पर गौरवपूर्ण तिलक सुशोभित है, जो उनके हृदय में विराजमान वनमाला के समान प्रतीत होता है।
