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Question
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
३०
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Solution
त्रिंशत्
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समानार्थकशब्दान् / विरुद्धार्थकशब्दान् लिखत ।
तुरगः = ______
मञ्जूषातः समानार्थकशब्दान् विरुद्धार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
पुरतः × ______
मञ्जूषातः समानार्थकशब्दान् विरुद्धार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
पादः - ______
सूचनानुसारं कृतीः कुरुत।
त्वं प्रयत्नेन कृषिकार्यं करोषि। (‘त्वं’ स्थाने ‘भवान्’ योजयत।)
पूर्वपदं लिखत।
मृतोऽसि = ______ + असि।
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
भवानपि अपरिचितः एव आसीत्। (‘भवान्’ स्थाने ‘त्वं’ योजयत।)
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| क्रियासिद्धिः | ...... | ...... |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
सुदासः सुगतचरणाभ्यां कमलं समर्पितवान्। (वाच्यपरिवर्तनं कुरुत।)
सूचनानुसार कृती: कुरुत।
महाविद्यालये कणादविषयकाणि पुस्तकानि सन्ति। (वाक्यम् एकवचने परिवर्तयत।)
नामतालिकां पूरयत।
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | विभक्तिः |
| ______ | त्वचोः | ______ | षष्ठी |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| पुस्तकपठनम् | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| मदान्धः | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| महात्मा | ..... | ..... |
नामतालिकां पूरयत।
| ए.व. | द्विव | ब.व. | विभक्तिः |
| रज्जवे | ______ | ______ | चतुर्थी |
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
गौः मञ्चं समागता।
नाम-तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| कर्मणा | ..... | ..... | तृतीया |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
सीता वनस्पतिगतं गृधं ददर्श (लङ्-लकारे परिवर्तयत।)
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
जटायुः रावणस्य गात्रे व्रणान् चकार। (लङ्-लकारे परिवर्तयत।)
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| कविपण्डिताः | ...... | ...... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| अनुत्तमानि | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| गृहस्थः | ..... | ..... |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
छात्राः संस्कृतमपि पठितुं शक्नुवन्ति। (एकवचने परिवर्तयत।)
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| पन्नगभूषणः | ..... | ..... |
समासविग्रहं कुरुत।
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| सर्वधर्माः | ...... | ...... |
क्रियापदतालिकां पूरयत।
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | पुरुषः | लकारः |
| ______ | अकुर्वाथाम् | ______ | मध्यमः | लङ् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ/शानच् |
| पूज् (१० उ.प.) | ______ | ______ | पूज्यः | पूजयमानः |
सङ्ख्याः अङ्कैः लिखत।
पञ्चदश
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
४४
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
६७
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
७२
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
३८
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
६८
लकारं लिखत।
तत्प्राप्तुं यतस्व। = ......
लकारं लिखत।
काकः उपादिशत्। = .......
समानार्थकशब्दान् लिखत।
गृहम् - .......।
मञ्जूषातः क्रियापदानि धातुसाधित-विशेषणानि च पृथवकुरुत।
| क्रियापदम् | धातुसाधित -विशेषणम् |
(मञ्जूषा - अकथयत्, मुक्तः, जानाति, भेतव्यम्, वहतु)
सङ्ख्या: अङ्कैः लिखत।
षटत्रिंशत् -
मञ्जूषातः विरुदार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
बद्ध: × ______।
