Advertisements
Advertisements
Question
प्रयोगशाला कार्य के लिए प्रयोग में लाया जाने वाला सांद्र नाइट्रिक अम्ल द्रव्यमान की दृष्टि से नाइट्रिक अम्ल का 68% जलीय विलयन है। यदि इस विलयन का घनत्व 1.504 g mL−1 हो तो अम्ल के इस नमूने की मोलरता क्या होगी?
Advertisements
Solution
प्रयोगशाला कार्य के लिए प्रयोग में लाया जाने वाला सांद्र नाइट्रिक अम्ल द्रव्यमान की दृष्टि से नाइट्रिक अम्ल का 68% जलीय विलयन है। इसका मतलब है कि 100 g विलयन में 68 g नाइट्रिक अम्ल घुला हुआ है।
नाइट्रिक अम्ल का मोलर द्रव्यमान (HNO3) = 1 × 1 + 1 × 14 + 3 × 16 = 63 g mol−1
तो, HNO3 के मोलों की संख्या = `68/63` mol
= 1.079 mol
दिया गया है,
विलयन का घनत्व = 1.504 g mL−1
∴ विलयन का आयतन = `(100 "g")/(1.504 "g mL"^(-1))`
= 66.5 mL
= 0.0665 L
विलयन की मोलरता = `"विलेय के मोल"/"विलयन का लीटर में आयतन"`
= `1.079/0.0665`
= 16.23 M
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
यदि 22 g बेन्जीन में 122 g कार्बन टेट्राक्लोराइड घुली हो तो बेन्जीन एवं कार्बन टेट्राक्लोराइड के द्रव्यमान प्रतिशत की गणना कीजिए।
एक विलयन में बेन्जीन का 30 द्रव्यमान % कार्बन टेट्राक्लोराइड में घुला हुआ हो तो बेन्जीन के मोल-अंश की गणना कीजिए।
निम्न पद को परिभाषित कीजिए –
मोल-अंश
निम्न पद को परिभाषित कीजिए –
मोललता
एक पेय जल का नमूना क्लोरोफॉर्म (CHCl3) से कैंसरजन्य समझे जाने की सीमा तक बहुत अधिक संदूषित है। इसमें संदूषण की सीमा 15 ppm (द्रव्यमान में) है –
- इसे द्रव्यमान प्रतिशत में व्यक्त कीजिए।
- जल के नमूने में क्लोरोफॉर्म की मोललता ज्ञात कीजिए।
अगर CuS का विलेयता गुणनफल 6 × 10−16 है तो जलीय विलयन में उसकी अधिकतम मोलरता ज्ञात कीजिए।
0.01 M गलूकोस विलयन की तुलना में 0.01 M MgCl2 विलयन वेर हिमांक में अवनमन ______ होगा।
किसी विलयन की सांद्रता को व्यक्त करने के लिए निम्नलिखित पद को परिभाषित कीजिए। इसमें कौन-सा तरीका ताप पर निर्भर नहीं करता है तथा क्यों?
ppm. (पार्ट्स पर मिलियन)
किसी विलयन की सांद्रता को व्यक्त करने के लिए निम्नलिखित पद को परिभाषित कीजिए। इसमें कौन-सा तरीका ताप पर निर्भर नहीं करता है तथा क्यों?
x (मात्रा अंश)
किसी विलयन की सांद्रता को व्यक्त करने के लिए निम्नलिखित पद को परिभाषित कीजिए। इसमें कौन-सा तरीका ताप पर निर्भर नहीं करता है तथा क्यों?
m (मोललता)
