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ऊष्मित कैथोड से उत्सर्जित और 2.0 kV के विभवान्तर पर त्वरित एक इलेक्ट्रॉन 0.15 T के एकसमान चुम्बकीय क्षेत्र में प्रवेश करता है। - Physics (भौतिक विज्ञान)

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Question

ऊष्मित कैथोड से उत्सर्जित और 2.0 kV के विभवान्तर पर त्वरित एक इलेक्ट्रॉन 0.15 T के एकसमान चुम्बकीय क्षेत्र में प्रवेश करता है। इलेक्ट्रॉन का गमन पथ ज्ञात कीजिए यदि चुम्बकीय क्षेत्र

  1. प्रारम्भिक वेग के लम्बवत है,
  2. प्रारम्भिक वेग की दिशा से 30° का कोण बनाता है।
Numerical
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Solution

माना इलेक्ट्रॉन का वेग v है, तब

इलेक्ट्रॉन की गतिज ऊर्जा eV = `1/2 "mv"^2`

`therefore "v" = sqrt((2"eV")/"m")`

`= sqrt((2 xx 1.6 xx 10^-19 xx 2.0 xx 10^3)/(9.1 xx 10^-31)) = (8 xx 10^7)/3.02`

= 2.65 × 107 m/s

(a) ∵ इलेक्ट्रॉन का वेग चुम्बकीय क्षेत्र के लम्ब्वत है; अतः इस दशा में इलेक्ट्रॉन का पथ वृत्ताकार होगा। 

इलेक्ट्रॉन के पथ की त्रिज्या 

r = `"mv"/"qB" = (9.1 xx 10^-31 xx 2.65 xx 10^7)/(1.6 xx 10^-19 xx 0.15) = 1.00 xx 10^-3`m = 1.0 mm

(b) ∵ इलेक्ट्रॉन का वेग चुम्बकीय क्षेत्र के लम्ब्वत नहीं है; अतः इस दशा में इलेक्ट्रॉन का पथ कुंडलिनीय (सर्पिलाकार) होगा।

चुम्बकीय क्षेत्र के लम्ब दिशा में इलेक्ट्रॉन के वेग का वियोजित घटक

v' = v sin 30°

इलेक्ट्रॉन के पथ की त्रिज्या

r = `"mv'"/"qB" = ("mv" sin 30^circ)/"qB" = ("mv"/"qB") xx 1/2`

`= 1.00 xx 1/2`mm = 0.5 mm

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विद्युत धारा पाश पर बल आघूर्ण, चुंबकीय द्विधुव - एकसमान चुंबकीय क्षेत्र में आयताकार विद्युत धारा पाश पर बल आघूर्ण
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