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Question
निम्न विरमचिन्ह का नाम लिखकर उनका वाक्य में प्रयोग करो :
‘ ’
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Solution
' ' → अवतरण चिह्न
वाक्य - आज मैंने 'रामायण' का पाठ किया।
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RELATED QUESTIONS
क्रिया का लिंग और वचन सामान्यतः कर्ता और कर्म के लिंग और वचन के अनुसार निर्धारित होता है। वाक्य में कर्ता और कर्म के लिंग, वचन और पुरुष के अनुसार जब क्रिया के लिंग, वचन आदि में परिवर्तन होता है तो उसे अन्विति कहते हैं।
क्रिया के लिंग, वचन में परिवर्तन तभी होता है जब कर्ता या कर्म परसर्ग रहित हों;
जैसे- सवार कारतूस माँग रहा था। (कर्ता के कारण)
सवार ने कारतूस माँगे। (कर्म के कारण)
कर्नल ने वज़ीर अली को नहीं पहचाना। (यहाँ क्रिया, कर्ता और कर्म किसी के भी कारण प्रभावित नहीं है)
अतः कर्ता और कर्म के परसर्ग सहित होने पर क्रिया कर्ता और कर्म से किसी के भी लिंग और वचन से प्रभावित नहीं होती और वह एकवचन पुल्लिंग में ही प्रयुक्त होती है। नीचे दिए गए वाक्यों में ‘ने’ लगाकर उन्हें दुबारा लिखिए-
- घोड़ा पानी पी रहा था।
- बच्चे दशहरे का मेला देखने गए।
- रॉबिनहुड गरीबों की मदद करता था।
- देशभर के लोग उसकी प्रशंसा कर रहे थे।
निम्न विरमचिन्ह का नाम लिखकर उनका वाक्य में प्रयोग करो :
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निम्न विरमचिन्ह का नाम लिखकर उनका वाक्य में प्रयोग करो :
-
निम्नलिखित समोच्चारित भिन्नार्थक हिंदी शब्द का अर्थ लिखो तथा उन शब्द का अलग-अलग पूर्ण वाक्यों में प्रयोग कराे :
ज्वार
शब्द कोश की सहायता से रेखांकित शब्द का विलोम खोजिए तथा उससे नया वाक्य लिखिए:
दसियों ने इस सुंदर प्रस्ताव का समर्थन किया।
शब्द कोश की सहायता से रेखांकित शब्द का विलोम खोजिए तथा उससे नया वाक्य लिखिए:
गर्मियों में सारी धरती शुष्क हो जाती है।
शब्द-युग्म पूरे करते हुए वाक्य में प्रयोग कीजिए:
भोला
निम्नलिखित अशुद्ध वाक्य को शुद्ध करके फिर से लिखिए:
उसने प्राण की बाजी लगा दी।
निम्नलिखित शब्द के युग्म शब्द बताओ और वाक्य में उचित शब्दयुग्म लिखो:
गाँव - ______
अंतरजाल की सुविधा ______ में उपलब्ध है।
निम्नलिखित शब्द के युग्म शब्द बताओ और वाक्य में उचित शब्दयुग्म लिखो:
______ - पहचान
समारोह में सभी ______ वालों को आमंत्रित किया।
हिंदी-मराठी के समोच्चारित शब्दों की अर्थ भिन्नता बताओ और लिखो।
| मराठी अर्थ | समोच्चारित शब्द | हिंदी अर्थ |
| ← कल → | ||
| ← सही → | ||
| ← खोल → | ||
| ← आई → | ||
| ← परत → |
मौन वाचन करो और आपस में श्रुतलेखन करो :
१. सेवा डॉक्टर का कर्तव्य है |
२. पौधे लगाओ, प्रदुषण हटाओ |
३. राष्ट्रीय संपदा, स्वच्छ रखें सर्वदा |
४. मक्खी, मच्छर भगाओ, रोग मिटाओ |
५. रक्तदान-जीवनदान, नेत्रदान-श्रेष्ट दान |
६. विश्वास रखो, अंधविश्वास नहीं |
७. बेईमानी ठुकराओ, ईमानदारी अपनाओ |
८. इंद्रधनुष के रंगों की तरह मिलकर रहो |

नीचे दिए गए वाक्यों के रेखांकित अंश पर ध्यान देते हुए उन्हें पढ़िए-
(क) निर्बल ही धन की ओर झुकता है।
(ख) लोग संयमी भी होते हैं।
(ग) सभी कुछ तो लेने को जी होता था।
ऊपर दिए गए वाक्यों के रेखांकित अंश ‘ही’, ‘भी’, ‘तो’ निपात हैं जो अर्थ पर बल देने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं। वाक्य में इनके होने-न-होने और स्थान क्रम बदल देने से वाक्य के अर्थ पर प्रभाव पड़ता है, जैसे-
मुझे भी किताब चाहिए। (मुझे महत्त्वपूर्ण है।)
मुझे किताब भी चाहिए। (किताब महत्त्वपूर्ण है।)
आप निपात (ही, भी, तो) का प्रयोग करते हुए तीन-तीन वाक्य बनाइए। साथ ही ऐसे दो वाक्यों का निर्माण कीजिए जिसमें ये तीनों निपात एक साथ आते हों।
शब्द बनाइए, विग्रह कीजिए तथा विलोम शब्द लिखिए:-
| विग्रह | शब्द | विलोम |
| अति + अधिक | × न्यूनतम |
शब्द बनाइए, विग्रह कीजिए तथा विलोम शब्द लिखिए:-
| विग्रह | शब्द | विलोम |
| + | अपमान | × |
उपसर्गयुक्त शब्द लिखिए।
रिक्त स्थान की पूर्ति अव्यय शब्द से कीजिए और नया वाक्य बनाइए:
मैं उसकी ______ न जाने क्यों आकर्षित हुआ।
पाठों में आए सभी प्रकार के अव्ययों को ढूँढ़कर उनसे प्रत्येक प्रकार के दस-दस वाक्य लिखिए।
मुहावरों का प्रयोग/चयन करनाा ।
‘मुहावरा’ शब्द अरबी भाषा का है जिसका अर्थ ‘अभ्यास होना’ या आदी होना’ होता है। इस प्रकार मुहावरा शब्द अपने-आप में स्वयं मुहावरा है, क्योंकि यह अपने सामान्य अर्थ को छोड़कर असामान्य अर्थ प्रकट करता है।
निम्नलिखित वाक्यों में से शुद्ध वाक्य का चयन कीजिए:
