Advertisements
Advertisements
Question
मीरा का पद पढ़ो और सरल अर्थ बताओ।
Short/Brief Note
Advertisements
Solution
मेरे तो गिरधर गोपाल दूसरो न कोई।
जाके सिर मोर मुकुट मेरो पति सोई।
अर्थ: मीरा कहती हैं, "मेरे तो बस श्रीकृष्ण हैं, जिन्होंने पर्वत को उँगली पर उठाकर गिरधर नाम पाया। उनके अलावा मैं किसी को अपना नहीं मानती। जिनके सिर पर मोर के पंख का मुकुट है वही मेरे पति हैं।“
shaalaa.com
उपयोजित / रचनात्मक लेखन (लेखन कौशल)
Is there an error in this question or solution?
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
पानी, वाणी, दूध इन शब्दों का उपयोग करते हुए कोई कविता लिखो।
‘तंबाकू सेवन के दुष्परिणाम’ विषय पर लगभग सौ शब्दों में निबंध लिखो।
।। हम विज्ञान लोक के वासी ।।
यदि प्रकृति में सुंदर - सुंदर रंग नहीं होते तो ..........
चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________
यदि तुम्हें परी मिल जाए तो .....
अपने नाना जी/दादा जी को अपने मन की बात लिखकर भेजो।
देशभक्ति पर आधारित कविता सुनो और सुनाओ।
घर में अतिथि के आगमन पर आपको कैसा लगता है, बताइए।
