Advertisements
Advertisements
Question
मैंने समझा शब्द संपदा पाठ से
Advertisements
Solution
शब्दों का संसार अनोखा व विस्तृत है। मानवीय भावनाओं के प्रत्येक रूप को दर्शाने के लिए शब्द अनेक रूपों में उपलब्ध हैं। जो शब्द बुरे अर्थ प्रकट करते हैं, वे संबंधों में दीवार खड़ी कर देते हैं। ऐसे शब्दों को जीवन के व्यवहार से निकाल देना चाहिए। अपनी शब्द संपदा विकसित करने के लिए साहित्य, शब्दकोश तथा अलग-अलग ज्ञानवर्धक पुस्तकें पढ़नी चाहिए। वाचन संस्कृति के कारण ही हम शब्द संपदा के धनी हो सकते हैं।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
मैंने समझा लकड़हारा और वन पाठ से
मैंने समझा स्वराज्य मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है पाठ से
मैंने समझा मेरा विद्रोह पाठ से
यदि प्राकृतिक संसाधन समाप्त हो जाएँ तो...... जैसे - जल, वन आदि।
गणतंत्र दिवस पर सम्मानित बच्चों के बहादुरी के प्रसंग पढ़ो और पसंदीदा किसी एक का वर्णन करो।
इस वर्ष का सूर्यग्रहण कब है? उस समय पशु-पक्षी के वर्तन-परिवर्तन का निरीक्षण करो और बताओ।
किसी शहीद और उसके परिवार के बारे में सुनो: मुद्दे - जन्म तिथि, गाँव, शिक्षा, घटना।
।। हम सब एक हैं ।।
यदि प्रकृति में सुंदर - सुंदर रंग नहीं होते तो ..........
चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________
चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________
चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________
किसी परिचित अन्य कहानी लेखन के लिए मुद्दे तैयार करो।
संत तुकाराम के अभंग पढ़ाे और गाओ।
विभिन्न क्षेत्रों की ‘प्रथम भारतीय महिलाओं’ की सचित्र जानकारी काॅपी में चिपकाओ।
भारतीय स्थानीय समय के अनुसार देश-विदेश के समय की तालिका बनाओ।
संतुलित आहार पर पॉंच वाक्य बोलो।
दिए गए विषय पर लगभग 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए :-
डिजिटल युग और मैं
Write a composition in approximately 400 words in Hindi of the topic given below:
नीचे दिए गए विषय पर हिन्दी में निबन्ध लिखिए जो लगभग 400 शब्दों से कम न हो।
कल्पना कीजिए कि आप सीमा पर तैनात एक सिपाही हैं। परिवार तथा देश के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का पालन करते हुए आप कैसा महसूस करते हैं? आप अपने परिवार तथा देशवासियों से किस प्रकार के सहयोग की अपेक्षा करते हैं? समझाकर लिखिए।
